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Ambikapur: नवोदय स्कूल में दाल के नाम पर पीला पानी, खाने में कीड़े-मकड़ी, हर साल 1 करोड़ का खर्च, फिर भी सुविधा नहीं

Ambikapur

Ambikapur: सरगुजा जिले के खलिबा गांव में स्थित नवोदय विद्यालय के छात्रों ने गंभीर आरोप लगाया है. छात्रों का कहना है कि उन्हें घटिया और बेहद खराब भोजन दिया जा रहा है. कई बार उनकी थाली में मकड़ी, कीड़े और यहां तक की दाल में एक बार फिटकरी मिलाकर खाने के लिए दे दिया गया था.

नवोदय स्कूल में बच्चों के खाने में लापरवाही

छात्रों ने विस्तार न्यूज़ की टीम को भोजनालय में ले जाकर भोजन की क्वालिटी को दिखाया और कैसे घटिया भोजन परोसा जा रहा है. उसे भोजनालय के सुपरवाइजर के सामने बताया तो दूसरी तरफ सुपरवाइजर ने भी कहा कि भोजनालय को संचालित करने के लिए खाद्य सामग्री सप्लाई करने वाले ठेकेदार के द्वारा लापरवाही बरती जाती है. समय पर क्वालिटी वाला खाद्यान्न सामग्री की सप्लाई नहीं की जाती है इसकी वजह से भी ऐसी स्थिति बनती है तो दूसरी तरफ भोजनालय में कर्मचारियों की कमी है. इसकी वजह से भोजन की गुणवत्ता बिगड़ रही है, और बच्चों को ऐसी शिकायत करने का मौका मिल रहा है.

दाल के नाम पर पीला पानी, खाने में कीड़े-मकड़ी

अंबिकापुर में नवोदय विद्यालय के बच्चों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है नवोदय विद्यालय में 432 बच्चे अध्यनरत हैं और सभी यहां हॉस्टल में रहते हैं सरकार के द्वारा प्रति स्टूडेंट 74 रुपए के हिसाब से भोजन के लिए दिया जाता है और साल में आंकड़ा करीब 1 करोडृ रुपए तक पहुंच जाता है लेकिन उसके बावजूद बच्चों को घटिया भोजन मिलना बेहद ही दुर्भाग्यपूर्ण है. स्टूडेंट ने बताया कि उन्हें घटिया भोजन दिया जा रहा है इसकी जानकारी स्कूल प्रबंधन को भी है और जब भोजनालय को लेकर टीचर्स और प्रिंसिपल के अलावा अन्य पदाधिकारी की बैठक होती है तब भी उनके द्वारा भोजनालय में घटिया भोजन और लापरवाही पूर्ण भोजन बनाने की जानकारी दी जाती है लेकिन वहां पर स्टूडेंट के पदाधिकारी को टीचर्स और स्कूल प्रबंधन के द्वारा बोलने नहीं दिया जाता है और कार्यवाही भी नहीं होती है.

ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई नहीं

स्टूडेंट्स ने बताया कि उन्हें जो दाल दिया जाता है. उसमें दाल की मात्रा बेहद कम होती है और दाल पानी जैसा पीला रंग का दिखाई देता है. इसके अलावा अंडे के आकार बेहद छोटे होते हैं तो चिकन भी छोटे-छोटे टुकड़ों में दो-चार टुकड़े ही दिए जाते हैं उनका कहना है कि ठेकेदार के द्वारा चिकन के एक टुकड़े को चार टुकड़ा बनाकर भोजनालय में सप्लाई किया जाता है और स्कूल प्रबंधन के द्वारा ठेकेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है. स्टूडेंट ने आज यह सारी बातें उस वक्त रखी जब क्लास 12वीं के छात्रों के लिए आयोजित विदाई समारोह में शिक्षक और स्टूडेंट आमने-सामने आ गए थे इस दौरान जिला शिक्षा अधिकारी दिनेश झा भी मौके पर पहुंचे थे, उन्होंने भी स्टूडेंट की समस्याओं को सुना और इस पूरे मामले की जांच के निर्देश दिए हैं. स्कूल प्रबंधन अभिभावकों टीचर्स और अधिकारियों के साथ मिलकर पूरे मामले पर मीटिंग कर रहा है.

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स्टूडेंट और छात्रों के बीच विवाद विदाई समारोह के दौरान शिक्षकों के द्वारा छात्रों से ठीक व्यवहार नहीं करने को लेकर शुरू हुआ. छात्रों ने आरोप लगाना शुरू किया कि उनके साथ स्कूल के उप प्रिंसिपल के द्वारा सही व्यवहार नहीं किया जा रहा है और उनके द्वारा ही विदाई समारोह आयोजन में अड़ंगा डाला गया और अश्लील गीत पर डांस करने का आरोप लगाते हुए विदाई समारोह के कार्यक्रम को बीच में बंद करा दिया गया. हालांकि प्रबंधन इस मामले की जांच कर रहा है.

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