फरवरी में घूमने के लिए बेस्ट है छत्तीसगढ़ की ये जगहें, दिल खुश कर देगा नजारा, बार-बार जानें का करेगा मन
श्वेक्षा पाठक
अगर फरवरी में अगर आप घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो छत्तीसगढ़ का बस्तर बेहतरीन इसके लिए बेस्ट है.बस्तर में कई जगहें हैं, जहां प्राकृतिक सुंदरता, घने जंगल, ऊंचे-ऊंचे झरने, धार्मिक स्थल और एडवेंचर ट्रैकिंग सब एक साथ देखने को मिलता है.चित्रकोट जलप्रपात – बस्तर के संभागीय मुख्यालय जगदलपुर से महज 39 किमी की दूरी पर चित्रकोट जल प्रपात स्थित है. ये भारत का सबसे चौड़ा जलप्रपात माना जाता है.तीरथगढ़ – तीरथगढ़ जल प्रपात बस्तर के कांगेर घाटी नेशनल पार्क में स्थित है. इस जल प्रपात की खास बात है कि इसमें पानी सीढ़ी नुमा आकार में नीचे गिरता है.धुड़मारास – बस्तर के धुड़मारास गांव ने कयाकिंग, बैंबू राफ्टिंग और होम स्टे ईको टूरिज्म से अंतरराष्ट्रीय पहचान बना ली है. इसे UN टूरिज्म ने बेस्ट टूरिज्म विलेज में 20 गांवों में शामिल किया हैं.नंबी वाटरफॉल – बीजापुर जिले में नड़पल्ली ग्राम को पार करने के बाद नंबी ग्राम आता है. इस गांव से 3 किमी जंगल की ओर दक्षिण दिशा में पहाड़ पर बहुत ही ऊंचा जलप्रपात है. मट्टी मरका – यह स्पॉट बीजापुर जिले के भोपालपट्नम ब्लॉक में है. मट्टी मरका गांव में इंद्रावती नदी किनारे दूर तक बिछी सुनहरी रेत और पत्थरों के बीच से कल-कल बहती इंद्रावती नदी का सौंदर्य देखते ही बनता है.नीलम सरई जलप्रपात – बीजापुर जिले के उसूर ब्लॉक में स्थित नीलम सरई जलधारा. यहां सोढ़ी पारा से लगभग 7 किमी दूर तीन पहाड़ियों की चढ़ाई को पार कर पहुंचा जा सकता है.पत्थरों का परिवार – नीलम सरई से मात्र तीन किमी की दूरी पर एक बेहद शानदार पर्यटन स्थल दोबे स्थित है. दोबे को पत्थरों का परिवार या फिर पत्थरों का गांव भी कहा जाता है.