CG SIR: छत्तीसगढ़ में SIR को लेकर एक बार फिर सियासत शुरू हो गई है. जहां एक ओर नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त, केंद्रीय निर्वाचन आयोग को पत्र लिखकर विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत जमा किए जा रहे फॉर्म-7 के दुरूपयोग का आरोप लगाते हुए इस पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है. वहीं डिप्टी CM विजय शर्मा ने इसे लेकर पलटवार किया है.
चरणदास महंत ने फॉर्म-7 के दुरुपयोग का लगाया आरोप
नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त को पत्र लिखकर विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत जमा किए जा रहे फॉर्म-7 के दुरूपयोग का आरोप लगाया था. उन्होंने अपने पत्र में लिखा कि छत्तीसगढ़ में वर्ष 2025 में मतदाता सूची की शुद्धता हेतु विषेश गहन पुनरीक्षण SIR की प्रक्रिया प्रारंभ की गई थी.
लोकतंत्र के हित में यह कदम स्वागत योग्य हो सकता था. यदि इसके बाद मताधिकार पर सुनियोजित हमला न किया जाता, लेकिन आज स्थिति यह बन चुकी है SIR पूर्ण होने के बावजूद हर विधानसभा क्षेत्र में वर्ग विशेष के हजारों नागरिकों को मतदाता सूची से बाहर कर दिए जाने का भय सता रहा है, जबकि वे वर्षों से लगातार चुनावों में मतदान करते रहे हैं.
विजय शर्मा बोले – जो सोचते हैं वो करें
वहीं चरणदास महंत के पत्र को लेकर डिप्टी CM विजय शर्मा ने कहा कि जरूर पत्र लिखे अपनी बात रखे. प्रक्रियागत चीजें हैं प्रक्रिया सबसे सामने हैं. फार्म 07 सबके लिए उपलब्ध है. कोई व्यक्ति नहीं रहता है उसके नाम हटाने के लिए आवेदन दिया जाता है. नेताप्रतिपक्ष जो सोचते हैं वो करे. SIR मतदाता सूची के शुद्धिकरण की प्रक्रिया है. जैसा विरोध कर जनता के सामने दिखाना चाहते हैं वैसा नहीं करना चाहिए. लोकतंत्र की मजबूती के लिए SIR है, कमजोरी के लिए नहीं.
