Chhattisgarh News: गरियाबंद. अपर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण गरियाबंद ने एक पुराने मामले में बकाया राशि की वसूली के लिए बड़ा आदेश जारी किया है. कोर्ट ने आदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त की चल संपत्ति कुर्क करने कुर्की वारंट जारी किया था जिस पर अमला दफ्तर पहुंच कर कार्यवाही शुरू कर दिया था. इस कार्यवाही से सकते में आए जिला प्रशाशन ने अब दो दिन के भीतर पीड़िता को दावा कि राशि देने सहमत हो गए हैं.
क्या है पूरा मामला
पीड़िता के वकील प्रशांत मानिकपुरी ने बताया कि 22 नवबर 2021 को तात्कालीन आदिवासी सहायक आयुक्त बद्रीनाथ सुखदेव की मौजूदगी में विभाग की सरकारी सुमो क्रमांक
सीजी 02 जी 5316 ने गरियाबंद जनपद के सामने सड़क पर खड़े मेंहत्तर ध्रुव ,56 साल को टक्कर मार दिया. जिससे उसकी मौत हो गई थी. कोतवाली पुलिस ने मामले में चालक सत्येंद्र कुमार गगा सागर के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध भी किया था. लेकिन 2022 में मृतक की बेवा पार्वती ध्रुव ने क्षेतपूर्ति राशि की मांग की लिए अतरिक्त मोटर दुर्घटना आधिकरण में दुर्घटना दावा प्रत्युत किया था.
अपर जिला न्यायाधीश वी आर साहू ने कुर्की के लिए आदेश किया
जानकारी के अनुसार प्रकरण क्रमांक 06/2022 में न्यायालय ने 09/08/2024 को डिक्री पारित की थी. डिक्री के अनुसार अनादेकगण को आवेदकगण को 9 लाख 71 हजार 312 रुपए का भुगतान करना था. लेकिन निर्धारित समय में राशि अदा नहीं किए जाने पर आवेदकगण ने निष्पादन आवेदन प्रस्तुत किया.
कितनी राशि की वसूली होगी
कोर्ट के आदेश के अनुसार अब मूल राशि के साथ ब्याज और व्यय जोड़कर कुल 13 लाख 14 हजार 564 रुपए की वसूली की जाएगी. इसमें 3 लाख 42 हजार 387 रुपए ब्याज और 1,045 रुपए वाद व्यय शामिल हैं.
कोर्ट का आदेश
अपर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के न्यायाधीश ने सिविल प्रक्रिया संहिता 1908 के आदेश 21 नियम 30 के तहत वारंट जारी कर बेलिफ को निर्देश दिए हैं कि वे अनादेकगण की कुल जायदाद को कुर्क करें. जब तक पूरी राशि वसूल नहीं हो जाती तब तक कुर्की की कार्रवाई जारी रहेगी. कोर्ट ने बेलिफ से 13 अगस्त 2026 तक तामीली रिपोर्ट भी तलब की है.
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