छत्तीसगढ़ को मिल सकता है आयुर्वेद का AIIMS, Health Conclave में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का बड़ा दावा

Vistaar News Health Conclave में छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को लेकर कई बड़ी घोषणाएं कीं
Health Minister Shyam Bihari Jaiswal

स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल

Vistaar Health Conclave: रायपुर में आयोजित Vistaar News Health Conclave में छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को लेकर कई बड़ी घोषणाएं कीं. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को जल्द ही आयुर्वेद के क्षेत्र में AIIMS जैसी राष्ट्रीय स्तर की संस्था मिलने की पूरी संभावना है. साथ ही राज्य में मेडिकल कॉलेजों, नर्सिंग कॉलेजों और फिजियोथेरेपी संस्थानों का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, जिससे आने वाले वर्षों में स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा.

आयुर्वेद के AIIMS की संभावना

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री, गृह मंत्री और केंद्रीय आयुष मंत्री के साथ इस विषय पर चर्चा की है. देश में स्थापित होने वाले तीन ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ आयुर्वेद (AIIMS की तर्ज पर) में से एक छत्तीसगढ़ को मिलने की पूरी संभावना है. उन्होंने कहा कि यदि ऐसा होता है तो यह राज्य के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि होगी और आयुर्वेदिक उपचार व शोध को नई दिशा मिलेगी.

5 नए मेडिकल कॉलेजों से बढ़ेगी डॉक्टरों की संख्या

जायसवाल ने कहा कि राज्य में एक साथ पांच नए मेडिकल कॉलेज शुरू करने की तैयारी है. इसके साथ ही पीजी सीटों की संख्या भी लगभग 260 से बढ़ाकर 600 तक पहुंचाई जा रही है. उनका कहना था कि डॉक्टरों की कमी का स्थायी समाधान मेडिकल शिक्षा का विस्तार ही है, जिससे भविष्य में विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ेगी.

नर्सिंग और फिजियोथेरेपी शिक्षा पर भी जोर

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य में सरकारी नर्सिंग कॉलेजों की संख्या 6 से बढ़ाकर 22 की जा रही है. वहीं फिजियोथेरेपी शिक्षा का भी विस्तार किया जा रहा है और नए संस्थानों में इसी साल से पढ़ाई शुरू होगी. उन्होंने कहा कि बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रशिक्षित नर्स और फिजियोथेरेपिस्ट भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं जितने डॉक्टर महत्वपूर्ण है.

मेडिकल टूरिज्म का बड़ा केंद्र बनेगा छत्तीसगढ़

उन्होंने विश्वास जताया कि मेडिकल कॉलेजों और स्वास्थ्य संस्थानों के विस्तार के बाद छत्तीसगढ़ मध्य भारत का प्रमुख मेडिकल टूरिज्म हब बन सकता है. राज्य सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं को गांवों तक पहुंचाने और चिकित्सा शिक्षा को मजबूत करने के लिए लगातार काम कर रही है.

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