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बचपन में ऑफ स्पिन गेंदबाज थे नाना पाटेकर, विराट कोहली के आउट होते ही नहीं खाते थे खाना

Nana Pateka and virat kohli

विराट कोहली के फैन थे नाना पाटेकर

Nana Patekar: सिनेमा जगत के दिग्गज कलाकार और फेमस एक्टर नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में कार्डियक अरेस्ट से निधन हो गया है. उन्होंने गोवा स्थित अपने घर में अंतिम सांस ली. नाना पाटेकर के अचानक निधन से आज देशभर में शोक की लहर है. नाना पाटेकर जिस भी मूवी में रोल करते थे, उनका हर किरदार दर्शकों को दीवाना बना देता था. नाना पाटेकर न सिर्फ फिल्मों और सिनेमा के शौकीन थे, बल्कि वो क्रिकेट के भी बहुत बड़े दीवाने थे. ऐसे में आइए जानते हैं नाना पाटेकर द्वारा दिए गए एक इंटरव्यू के बारे में, जिसमें उन्होंने क्रिकेट से जुड़ी एक दिलचस्प कहानी के बारे में बताया था.

ऑफ स्पिनर बनना चाहते थे नाना पाटेकर

नाना पाटेकर सिर्फ शानदार एक्टर ही नहीं, बल्कि क्रिकेट के भी जबरदस्त शौकीन थे. साल 2015 में एक इंटरव्यू में उन्होंने क्रिकेट को लेकर अपने बचपन की बातें बताई थीं. उन्होंने कहा था कि वह बचपन में अच्छे क्रिकेटर थे और ऑफ स्पिन गेंदबाजी करते थे. नाना ने बताया था कि गरीबी के कारण उनके पास क्रिकेट सीखने के पैसे नहीं थे, इसलिए वह शिवाजी पार्क चले जाते थे और वहां नेट प्रैक्टिस करने वाले खिलड़ियों की लिए बॉलिंग करते थे. भारत और पाकिस्तान के बीच मैच के दौरान वह टीवी से चिपके रहते थे.

विराट के आउट होते ही नहीं खाते थे खाना

नाना नी उस इंटरव्यू में यह भी कहा था कि आज भी सिर्फ 10 दिन प्रैक्टिस करके अच्छी बॉलिंग कर सकते हैं. उन्होंने कहा था कि आज भी उनके अंदर एक क्रिकेटर बसता है. क्रिकेट को लेकर उनकी दीवानगी उम्र के साथ कम नहीं हुई. विराट कोहली उनके फेवरेट क्रिकेटर थे. उन्होंने कहा था कि अगर विराट जल्दी आउट हो जाते हैं तो उनक खाने का मन ही नहीं करता. नाना के इस बयान ने जनवरी 2025 में खूब सुर्खियां बटोरी थीं, जब विराट के जल्दी आउट होने पर सोशल मीडिया पर मजेदार मीम्स शेयर किए गए थे.

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क्रिकेट और सिनेमा को बताया एक जैसा

वहीं नाना पाटेकर ने क्रिकेट और सिनेमा की तुलना करते हुए कहा था कि दोनों में परीक्षा जैसी स्थिति होती है. क्रिकेटर का खेल पांच दिन तक चलता है, जबकि कलाकारों का काम डेढ़ से दो साल तक चलता है और आखिर में जनता ही फैसला करती है.

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