Flydubai Incident: दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट में 30 सितंबर को अचानक उड़ान के दौरान कैप्टन स्मित मछार पर ओमानी को-पायलट ने हमला कर दिया था. कैप्टन मछार ने एक बार फिर स्काई न्यूज अरबिया को इंटरव्यू देते हुए उस दौरान की घटना को याद किया और उसे चमत्कार बताया. इस दौरान क्या कुछ हुआ. स्मित मछार ने इंटरव्यू के दौरान बताया.
स्मित मछार ने इंटरव्यू के दौरान बताया कि फ्लाइट FZ1073, जो दुबई से तेल अवीव के लिए उड़ान भरी थी. करीब 2 घंटे तक सामान्य उड़ान के दौरान ही को-पायलट अल हमामी ने नमाज पढ़ने की इच्छा जताई. उसकी आस्था का सम्मान करते हुए हमने पीछे की ओर देखा ही नहीं, लेकिन कुछ देर बाद ही उसने हमारे सिर पर हमला कर दिया. हमले के दौरान कुछ समझ नहीं आया और ऐसा लगा कि छत का कुछ हिस्सा टूटकर सिर पर गिर गया और सामने पूरा धुंधला दिखाई देने लगा.
बार-बार बेहोश होने के बाद भी नहीं हारी हिम्मत
स्मित मछार ने बताया कि हमले के बाद बार-बार बेहोश होने लगा लेकिन फ्लाइट में सवाल 180 लोगों की चिंता हो रही थी. इस हमले में इतनी चोट आई कि दरवाजा तक खोलने की हिम्मत नहीं हो रही थी. पूरी हिम्मत जुटाकर हमलावर से लड़ते हुए दरवाजा तो खोल दिया, लेकिन हमलावर की धमकी के बाद फिर बंद हो गया. इस दौरान महसूस हो गया था कि विमान तेजी से नीचे गिर रहा है और विमान के इंजन की आवाज भी बदल गई. यानी कुछ तो गड़बड़ है.
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याद करता हूं तो दिल की धड़कन… स्मित मछार
उन्होंने बताया कि हमलावर से लड़ते हुए किसी तरह पैरों का सहारा लेकर आगे बढ़े और कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे. जैसे ही दरवाजा खुला, तो अंदर में मौजूद यात्री और क्रू कॉकपिट में प्रवेश कर गए और उन्होंने हमलावर से जान बचाई. इसके बाद दूसरे पायलटों ने विमान के नियंत्रण को संभाला और सऊदी अरब तरफ मोड़ दिया. सऊदी में ही इमरजेंसी लैंडिंग हुई, जिसकी वजह से 180 लोगों की जान बच गई. स्मित ने बताया कि आज भी जब इस घटना को याद करता हूं तो दिल की धड़कन तेज हो जाती है.
