Setback for Soren Government: झारखंड हाई कोर्ट ने 11वीं और 13वीं JPSC परीक्षाओं और नियुक्तियों को रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश पर रोक लगा दी है. इसके साथ ही कोर्ट ने राज्य सरकार को 15 दिनों के अंदर काउंटर एफिडेविट के साथ अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. रांची में छात्रों के प्रदर्शन के बंद हेमंत सरकार ने JPSC परीक्षाओं और नियुक्तियों को रद्द करने का आदेश दिया था.
झारखंड हाई कोर्ट ने जेपीएससी की 11वीं से 13वीं परीक्षा और फूड सेफ्टी ऑफिसर परीक्षा से जुड़े मामलों में बड़ा फैसला सुनाया है. कोर्ट ने आदेश दिया कि दोनों परीक्षाओं को लेकर राज्य सरकार ने जो आदेश दिया है. उस पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी जाए. अब सरकार के पास एक ही विकल्प बचा है कि 15 दिनों के अंदर कोर्ट के समक्ष अपना पक्ष और संबंधित दस्तावेज पेश करें.
High Court of Jharkhand stays State Government's order cancelling 11th and 13th JPSC exams and appointments. pic.twitter.com/85myosZYz4
— ANI (@ANI) August 20, 2026
क्या है मामला?
बता दें, झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर प्रदेशभर के छात्रों ने राजधानी रांची में प्रदर्शन शुरू कर दिया. यह प्रदर्शन कई दिनों तक चला. जिसके आगे सरकार को भी झुकना पड़ा. छात्रों की सरकार के साथ करीब 3 बार बातचीत हुई, लेकिन कोई हल नहीं निकला. इसी बीच सरकार ने छात्रों के साथ चौथी बार बातचीत करते हुए उन्हें आश्वासन दिया कि आपकी सभी मांगें मानी जाएंगी और इसके बाद झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) समेत एक आउट सोर्स कंपनी के जरिए आयोजित 22 भर्ती परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया. इतना ही नहीं इस दौरान सरकार ने 23 अन्य परीक्षाओं की जांच कराने का भी आदेश दिया.
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हाई कोर्ट ने राज्य सरकार के फैसले पर लगाई रोक
राज्य सरकार के इस फैसले के बाद 26 दिनों से चल रहा आंदोलन खत्म हो गया. लेकिन सरकार के इस फैसले ने एक और नया विवाद खड़ा कर दिया. करीब 2,000 ऐसे अभ्यर्थी जिन्होंने परीक्षा पास कर ली थी. उन्होंने विरोध शुरू कर दिया. इस दौरान कई पास अभ्यर्थियों ने तो राज्य सरकार के इस फैसले को चुनौती देने के लिए हाई कोर्ट का रुख किया. आज गुरुवार को झारखंड हाई कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए राज्य सरकार के फैसले पर रोक लगा दी है.
