Jharkhand Students Protest: झारखंड में JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर छात्रों का आंदोलन पिछले 12 दिनों से चल रहा है. यह आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है. कई दिनों से रांची में धरना और सत्याग्रह चल रहा है. अब छात्र संगठनों ने 7 अगस्त को विधानसभा मार्च का ऐलान किया है. ताकि सरकार पर जल्द और ठोस फैसला लेने का दबाव बनाया जा सके. दूसरी तरफ भूख हड़ताल पर बैठे महतों की तबीयत भी लगातार बिगड़ती जा रही है.
छात्रों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता के लिए सरकार को तत्काल कदम उठाने चाहिए. इसके साथ ही पूरे मामले की जांच सीबीआई को देनी चाहिए. दूसरी तरफ सीएम हेमंत सोरेन ने बच्चों को कार्रवाई का भरोसा दिया है.
छात्रों का कहना है कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक दल के समर्थन या विरोध में नहीं है. बल्कि युवाओं के भविष्य और निष्पक्ष भर्ती व्यवस्था की मांग के लिए है. वे किसी के विरोधी नहीं हैं, बस वे सिस्टम में सुधार के लिए यह सब कर रहे हैं.
देवेंद्र नाथ महतो की तबीयत
आंदोलन का नेतृत्व कर रहे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हैं. लंबे समय से भोजन नहीं लेने के कारण उनकी तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई है. डॉक्टर उनकी हालात पर नजर बनाए हुए हैं, महतो ने कहा है कि जब तक छात्रों की मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, उनका आंदोलन जारी रहेगा.
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का बयान
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि सरकार छात्रों की चिंताओं को गंभीरता से ले रही है. उनके अनुसार जांच एजेंसियां लगातार काम कर रही हैं. जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर उचित निर्णय लिया जाएगा. उन्होंने भरोसा दिलाया कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा. छात्रों को न्याय दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे.
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार संवेदनशील है. छात्रों की जायज चिंताओं का समाधान कानून और संवैधानिक प्रक्रिया के तहत किया जाएगा.
आंदोलन का अगला चरण
छात्र संगठनों ने घोषणा की है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो 7 अगस्त को विधानसभा मार्च निकालकर सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाई जाएगी. उनका कहना है कि यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहेगा, लेकिन भर्ती व्यवस्था में सुधार और जवाबदेही की मांग पर वे पीछे नहीं हटेंगे. पहले यह मार्च 10 अगस्त को होने वाला था.अब देखना होगा कि सरकार विधानसभा मार्च से पहले क्या कदम उठाती है.
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