Delhi Police Families PC: दिल्ली के जंतर-मंतर में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित प्रदर्शन में घायल पुलिसकर्मियों के परिजनों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर न्याय की मांग की है. इस दौरान परिजनो ने PC के माध्यम से भावुक होते हुए अपनी आपबीती सुनाई. पढ़ें परिजनों ने क्या कहा?
20 जुलाई को दिल्ली में पुलिस और CJP प्रदर्शनकारियों के बीच हुई झड़प में घायल दिल्ली पुलिस के ASI के बेटे ने कहा, “मेरा नाम लक्ष्य सिंह बिष्ट है और मेरे पिता ASI हैं, जिन्हें अपने करियर में बहादुरी के लिए चार सम्मान मिल चुके हैं. मेरे दादाजी BSF में थे और उन्होंने 1971 की लड़ाई लड़ी थी. जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान मेरे पिता को फ्रंटलाइन पर तैनात किया गया था. मुझे उनके एक दोस्त से पता चला कि उनके सिर में चोट लगी है. जब मैंने उनकी तस्वीर देखी, तो उनका सिर फटा हुआ था और चार टांके लगे थे. मैं हैरान और डरा हुआ था. जब मेरे पिता घर लौटे, तो उन्होंने मुझे बताया कि विरोध प्रदर्शन सिर्फ छात्रों तक सीमित नहीं था, बल्कि भीड़ में कुछ उपद्रवी और हिंसक लोग भी शामिल हो गए थे.
#WATCH | Delhi | Wife of a Delhi Police ACP, who sustained injuries during the clash between Police and CJP protesters in Delhi on 20th July says, "The moment he returned home late on the night of July 20, injured as he was, was incredibly painful and traumatic for both me and my… pic.twitter.com/lI40EMWnRI
— ANI (@ANI) July 31, 2026
दिल्ली पुलिस के एक ACP की पत्नी ने कहा, “20 जुलाई की देर रात जब वे (पति) घायल हालत में घर लौटे, तो वह पल मेरे और मेरी दो साल की बेटी, दोनों के लिए बेहद दर्दनाक और सदमे वाला था. मेरे साथ यहां दिल्ली पुलिस के कर्मचारियों के परिवार के अन्य सदस्य भी हैं, और हम अपनी आपबीती आपके साथ साझा करना चाहते हैं.”
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पिता के लिए बेटी ने की न्याय की मांग
प्रोटेस्ट के दौरान झड़प में घायल एक सब-इंस्पेक्टर की बेटी ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान भीड़ ने मेरे पिता को जबरन खींच लिया और उन पर जानलेवा हमला कर दिया. इस दौरान उन्हें काफी चोट आई और वे करीब 4 घंटे तक जमीन पर बेहोश होकर पड़े रहे. उनके साथियों ने किसी तरह से उन्हें बचाकर घर पहुंचाया. मेरे पिता जिंदगी और मौत की जंग से जूझ रहे थे और सोशल मीडिया पर लोग उन्हें ही एक अपराधी और विलेन की तरह पेश किया गया.
