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विधानसभा का दूसरा दिन अहम: UCC विधेयक, पहला अनुपूरक बजट समेत कई बड़े फैसलों पर नजर

MP-Vidhansabha

एमपी विधानसभा (फोटो- सोशल मीडिया)

MP News: मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र का दूसरा दिन मंगलवार को बेहद महत्वपूर्ण रहने वाला है. सरकार सदन में कई अहम विधेयक और वित्तीय प्रस्ताव पेश करेगी. इनमें सबसे ज्यादा चर्चा ‘मध्यप्रदेश समान नागरिक संहिता (यूसीसी) विधेयक, 2026’ को लेकर होने की संभावना है. इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट, चिकित्सा शिक्षा के विस्तार के लिए नया स्वास्थ्य विश्वविद्यालय, श्रम कानूनों में बदलाव, निवेश को बढ़ावा देने और अग्निशमन सेवाओं को मजबूत करने से जुड़े विधेयक भी सदन के पटल पर रखे जाएंगे.

वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट पेश करेंगे

सरकार मंगलवार को ‘मध्यप्रदेश समान नागरिक संहिता विधेयक, 2026’ सदन में विचार और पारित कराने के लिए प्रस्तुत करेगी. यह विधेयक मौजूदा सत्र का सबसे महत्वपूर्ण विधायी एजेंडा माना जा रहा है. विपक्ष पहले ही इस विधेयक को लेकर सरकार पर सवाल उठा चुका है और सदन में इस पर तीखी बहस होने की संभावना है.

विधानसभा में उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट पेश करेंगे. इस अनुपूरक बजट में विभिन्न विभागों के लिए अतिरिक्त वित्तीय प्रावधान किए जाएंगे. सरकार किन योजनाओं और परियोजनाओं के लिए अतिरिक्त राशि का प्रावधान करती है, इस पर सभी की नजर रहेगी.

दूसरी मेडिकल यूनिवर्सिटी बनने के आसार

चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में भी सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है. सदन में ‘मध्यप्रदेश धन्वंतरि स्वास्थ्य विश्वविद्यालय विधेयक, 2026’ पेश किया जाएगा. प्रस्तावित विश्वविद्यालय के जरिए चिकित्सा शिक्षा के अकादमिक और परीक्षा संबंधी कार्यों को नई व्यवस्था मिलने की उम्मीद है. सरकार पहले ही उज्जैन में दूसरी मेडिकल यूनिवर्सिटी स्थापित करने की दिशा में आगे बढ़ने के संकेत दे चुकी है. ऐसे में यह विधेयक चिकित्सा शिक्षा के विस्तार की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

‘श्रम कानूनों को अधिक प्रभावी और आधुनिक बनाएंगे’

इसके अलावा कर्मचारियों और कार्यस्थलों से जुड़े प्रावधानों में बदलाव के लिए ‘मध्यप्रदेश कार्यस्थल सशक्तिकरण संहिता (श्रम शक्ति संहिता) विधेयक, 2026’ भी सदन में पेश होगा. सरकार का दावा है कि इससे श्रम कानूनों को अधिक प्रभावी और आधुनिक बनाया जा सकेगा.

औद्योगिक निवेश और बुनियादी ढांचे को गति देने के उद्देश्य से ईज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक तथा राजमार्ग (संशोधन) विधेयक भी विधानसभा में प्रस्तुत किए जाएंगे. वहीं आग और आपदा से निपटने की व्यवस्था को मजबूत करने के लिए ‘मध्यप्रदेश अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाएं विधेयक, 2026’ भी सदन में लाया जाएगा.

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