Balaghat News: कॉकरोच जनता पार्टी के मुखिया अभिजीत दीपके ने शनिवार को मध्य प्रदेश के बालाघाट का दौरा किया. इस दौरान उन्हें सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के तीखे सवालों का सामना करना पड़ा. इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें दिखाई दे रहा है कि उनसे सवाल किया जा रहा है कि क्या वह लाशों पर राजनीति करने आए हैं. इस दौरान उनसे देरी से आने पर भी सवाल किए गए. पढ़ें अभिजीत दीपके ने क्या कहा?
दरअसल, बालाघाट में संक्रमण बीमारी की वजह से कई आदिवासी बच्चों की मौत हो गई है. इस मामले को लेकर अभिजीत दीपके शनिवार को बच्चों के परिवारों से मिलने और स्थानीय सुविधाओं के बारे में जानकारी जुटाने के लिए पहुंचे थे. लेकिन इस दौरान उन्हें इंफ्लुएंसरों का विरोध झेलना पड़ा. अभिजीत दीपके से एक महिला इंफ्लुएंसर्स ने सवाल करते हुए पूछा कि क्या आप लाशों पर राजनीति करने आए हैं, इतनी देर बाद इलाके का दौरा क्यों कर रहे हैं? इंफ्लुएंसरों के सवालों का जवाब देते हुए दीपके ने कहा कि मैं देर से आने के माफी चाहता हूं.
पत्रकार:- आ गए? आ गए लाशों पर राजनीति करने? शर्म नहीं आती आपको? अभी तक आप कहां थे?
— Shubham Shukla (@Shubhamshuklamp) September 12, 2026
अभिजीत दीपके:- मैं माफ़ी मांगता हूं!
पत्रकार:- माफ़ी मत मांगिए। लाशों पर राजनीति करना बंद कर दीजिए।
बालाघाट में आदिवासी बच्चों की मौत के कई सप्ताह बाद राजनीति करने पहुंचे अभिजीत दीपके को लोकल… pic.twitter.com/trwM39UqiZ
इस दौरान महिला इंफ्लुएंसर ने सवाल किया कि यहां पर अच्छी सड़क बनाई गई है. क्या आपको दिखाई नहीं दे रही? इस दौरान ऐसे लगा कि जैसे स्थिति बिगड़ सकती है. हालात को देखते हुए साथ में मौजूद सीजेपी कार्यकर्ताओं ने दीपके को दूसरी कार में बैठाया और अपने साथ ले गए. यह देखते ही महिला इंफ्लुएंसर ने कहा कि भाग गया, भाग गया…
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क्या है मामला?
दरअसल, बालाघाट जिले में संक्रमण बीमारियों की वजह से 30 से अधिक आदिवासी बच्चों की मौत हो गई थी. इस मामले में हाई कोर्ट ने भी राज्य सरकार से जवाब मांगा था. इसके साथ ही हाई कोर्ट ने एक जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करते हुए प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, बालाघाट कलेक्टर और अन्य को नोटिस भी जारी किया था. अब इस मामले को लेकर अभिजीत दीपके भी पहुंचे हैं.
