इनपुट-अरुणेश सिंह
Chitrakoot Hostel Fire: चित्रकूट के रजौला स्थित सुभाष चंद्र बोस बालिका छात्रावास में 4 और 5 अगस्त की दरमियानी रात भीषण आग लगने के 6 दिन बाद आखिरकार प्रशासनिक अधिकारी निरीक्षण करने पहुंचे हैं. 112 नंबर की सूचना पर देर रात पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था, जिससे कई मासूम बच्चियों के बिस्तर, कपड़े, कॉपी-किताबें और नकदी समेत सारा सामान जलकर खाक हो गया था.
6 दिन बाद पहुंचे अधिकारी
इस भीषण हादसे के बाद भी किसी वरिष्ठ अधिकारी को इसकी जानकारी तक नहीं दी गई थी, जिसके कारण पीड़ित छात्राएं पिछले 6 दिनों से एक ही कपड़े में गुजारा करने को मजबूर हैं. अब घटना के 6 दिन बाद डीपीसी दिवाकर तिवारी, एपीसी नीलम कुशवाहा और बीआरसीसी मझगवां जगतेंद्रमणि त्रिपाठी छात्रावास का निरीक्षण करने पहुंचे हैं.
मुआवजे और कार्रवाई का इंतजार
शुरुआती जांच में आग लगने की मुख्य वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है. फिलहाल निरीक्षण के बाद पीड़ित छात्राएं और उनके परिजन जल चुके सामान के मुआवजे और मामले में हुई लापरवाही पर सख्त कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं.
