Rewa: रीवा के संजयगांधी हॉस्पिटल में बीते दिन कई गंभीर लापरवाही के मामले सामने आए हैं. इसी अस्पताल में इलाज के दौरान प्रसूता कल्पना मिश्रा की मौत भी हो गई थी. कल्पना मिश्रा की मौत के बाद से उनका परिवार लगातार प्रशासन ने न्याय की गुहार लगा रहा है. इस मामले को एमपी के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल के इस्तीफे की मांग की थी. इसी मामले को लेकर धरने पर बैठे कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है.
समर्थकों के साथ धरने पर बैठे थे अभय मिश्रा
दरअसल मध्य प्रदेश के रीवा शहर में स्थित गांधी मेमोरियल अस्पताल में प्रसूता कल्पना मिश्रा और उनके नवजात शिशु के मामले (Kalpana Mishra case) में सेमरिया से कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठे हुए थे. वह कल्पना मिश्रा के पिता को धरने से उठाने का विरोध कर रहे थे. इस दौरान पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया है.
तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल में कराया था भर्ती
बता दें कि कल्पना मिश्रा के पिता रामशिरोमणि मिश्रा 2 सितंबर से सिरमौर चौराहे पर आमरण अनशन पर बैठे थे. गुरुवार को उनकी तबीयत बिगड़ने पर प्रशासन ने उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया और धरना स्थल से तंबू भी हटवा दिया. प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में विरोध और बढ़ गया.
विधायक अभय मिश्रा ने धरना हटाए जाने के विरोध में सिरमौर चौराहा पहुंचे थे उन्होंने प्रशासन पर तानाशाहीपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया है. प्रशासन ने वहां किसी भी प्रकार की सभा या बैठक की अनुमति नहीं दी पुलिस ने विधायक को वहां से हटने के लिए कहा, लेकिन उनके नहीं मानने पर उन्हें हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया
एसडीएम अनुराग तिवारी ने कहा
एसडीएम अनुराग तिवारी का कहना है कि कोई भी व्यक्ति पब्लिक प्लेस में ऐसे धरने में नहीं बैठ सकता कांग्रेस विधायक ऐसा कर रहे थे जिसको लेकर उनको गिरफ्तार किया गया है. बता दें इस घटना के बाद से आंदोलनकारियों में नाराजगी और बढ़ गई है. कुछ संगठनों ने 18 सिंतबर को रीवा बंद का आह्वान किया है.
