Family Demand Medical College Dean FIR: रीवा के संजय गांधी अस्पताल में प्रसूता कल्पना मिश्रा और उनके नवजात बच्चे की मौत के मामले में परिजनों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है. इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए परिवार के सदस्य अब अपनी अलग-अलग मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं.
कल्पना मिश्रा के परिजनों ने मांग की है कि मेडिकल कॉलेज के डीन सुनील अग्रवाल ने सबसे ज्यादा लापरवाही बरती है, इसलिए उनको तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए. जिम्मेदार डॉक्टरों में मुख्य रूप से सोनल अग्रवाल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए, दोषी चिकित्सकों का लाइसेंस निरस्त किया जाए और मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जाए. धरना स्थल पर लगाए गए बैनर में भी इन मांगों को प्रमुखता से रखा गया है.
कल्पना मिश्रा की मौत ने खड़े किए कई सवाल
परिजनों का कहना है कि कल्पना और उसके नवजात बच्चे की मौत सिर्फ एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि अस्पताल की व्यवस्थाओं और इलाज की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल है. वहीं मामले में सरकार पहले ही डॉक्टरों और नर्सिंग अधिकारियों पर कार्रवाई कर चुकी है और जांच कमेटी गठित की गई है.
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अधीक्षक पर भी हो चुकी है कार्रवाई
बता दें, इस मामले में डॉक्टरों और नर्सिंग अधिकारियों पर कार्रवाई के साथ ही मंगलवार की रात अधीक्षक राहुल मिश्रा को भी हटा दिया गया है. राहुल मिश्रा की जगह पर प्रियंक शर्मा को जिम्मेदारी दी गई है. इसके साथ ही सीएम मोहन यादव ने भी मुख्यमंत्री राहत कोष से 2 लाख रुपए आर्थिक मदद देने की घोषणा की थी. इसके बावजूद परिजनों का गुस्सा बढ़ता ही जा रहा है और वे अपनी कई मांगों को लेकर धरने पर बैठ गए हैं.
