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‘नाबालिग प्रेग्नेंट के अबॉर्शन के लिए मेडिकल बोर्ड बताएगा’, HC ने CMHO से 20 जुलाई तक रिपोर्ट मांगी

Chhattisgarh High Court (File Photo)

छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट(File Photo)

CG News: रायपुर की एक प्रेग्नेंट नाबालिग के अबॉर्शन के मामले में हाई कोर्ट ने सीएमएचओ से रिपोर्ट मांगी है. साथ ही एक मेडिकल बोर्ड बनाने के लिए कहा है, जो ये बताएगा कि नाबालिग अबॉर्शन करवा सकती है या नहीं. पूरे मामले में होई कोर्ट ने सीएएमएचओ से 20 जुलाई तक रिपोर्ट मांगी है.

शादी का झांसा देकर बनाए संबंध

पूरा मामला रायपुर का है. यहां एक युवक ने पहले तो नाबालिग को प्यार के जाल में फंसाया फिर शादी का झांसा देकर संबंध बनाए. इससे नाबालिग प्रेग्नेंट हो गई. जिसके बाद पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. आरोपी फिलहाल जेल में है, लेकिन प्रेग्नेंट नाबालिग के अबॉर्शन को लेकर समस्या का समाधान नहीं हो सका है.

आज होगा नाबालिग का परीक्षण

हाई कोर्ट ने निर्देश दिया है कि 17 जुलाई को नाबालिग का रायपुर सीएमएचओ में मेडिकल चेकअप किया जाए. इसको लेकर आज नाबालिग को सीएमएचओ में हाजिर होना है. इसके साथ ही हाई कोर्ट ने आदेश दिया है कि नाबालिग की गोपनीयता का पूरा ध्यान रखा जाए, साथ ही पीड़िता के स्वास्थ्य और इलाज में किसी भी तरह की लापरवाही ना बरती जाए.

एक्सपर्ट्स की टीम और घर की एक महिला होगी उपस्थित

मेडिकल चेकअप के लिए कोर्ट ने एक एक्सपर्ट्स की टीम का पैनल गठन करने के लिए कहा है. इस पैनल में एक महिला डॉक्टर रहेंगी. साथ ही चेकअप के दौरान परिवार की एक महिला सदस्य की भी मौजूदगी रहेगी. अबॉर्शन के लिए राज्य सरकार से पहले मंजूरी नहीं मिली थी, जिसके बाद पीड़िता की तरफ से हाई कोर्ट में याचिका लगाई गई थी. याचिका में पीड़िता की तरफ से सुप्रीम कोर्ट के एक मामले का भी हवाला दिया गया था.

अब मेडिकल बोर्ड नाबालिग के चेकअप के बाद रिपोर्ट हाई कोर्ट को सौंपेगा. जिसके आधार पर ये फैसला लिया जाएगा कि नाबालिग का अबॉर्शन होगा या नहीं.

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