CG News: केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्यमंत्री रामदास आठवले आज छत्तीसगढ़ दौरे पर हैं. आठवले अपने प्रवास के दौरान रायपुर और बिलासपुर में विभिन्न कार्यक्रमों और अधिकारियों के साथ बैठक में शामिल होने वाले हैं. राज्यमंत्री रामदास आठवले ने छत्तीसगढ़ पहुंचने के बाद आरक्षण पर चल रहे विवाद पर बड़ा बयान दिया है.
राज्यमंत्री रामदास आठवले ने कहा कि ‘जाति के आधार पर आरक्षण का प्रावधान है. अगर जातिवाद खत्म हो तो हम आरक्षण छोड़ने को तैयार हैं. उन्होंने आगे कहा कि जब तक जातिवाद खत्म नहीं होगा आरक्षण लागू रहेगा.’ रामदास आठवले ने कहा कि जाति व्यवस्था में आर्टिकल 17 को खत्म कर दिया गया है. मगर आज भी दलित और आदिवासियों पर अत्याचार होते हैं, लेकिन आरक्षण का विरोध नहीं होना चाहिए.
मंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष अब केवल टिप्पणी करने के लिए है. देश का विकास विपक्ष नहीं कर सकता. उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास तेजी से हो रहा है और सरकार दलितों को न्याय दिलाने का प्रयास कर रही है.
जंतर-मंतर तक पहुंचा था आरक्षण हटाओं आंदोलन
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 21 अगस्त को आरक्षण हटाओं आंदोलन किया गया. इस आंदोलन में हजाराें लोगों की भीड़ ने दिल्ली कूच किया. जंतर-मंतर पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और आरक्षण के खिलाफ नारे लगाए. इस बीच पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया. इस आंदोलन में शामिल लोगों की मांग थी कि जाति-आधरित आरक्षण व्यवस्था में बदलाव किए जाए. हालांकि इस प्रदर्शन पर दिल्ली पुलिस ने कहा कि इस प्रदर्शन के लिए कोई अनुमति नहीं दी गई थी.
आंदोलन में लाेगों की मांगे
सोशल मीडिया से शुरू हुआ आंदोलन देखते ही देखते दिल्ली के जंतर-मंतर तक पहुंच गया और हजारों लोग इसमें शामिल हुए. आंदोलन की आरक्षण को लेकर प्रमुख मांगे ये थी कि ‘ जाति आधारित आरक्षण की समीक्षा हो. आर्थिक आधार को अधिक महत्व दिया जाए. मेरिट को चयन का प्रमुख आधार बनाने के साथ ही आरक्षण का लाभ लगातार एक ही वर्ग तक केंद्रित ना हो. इसके अलावा आरक्षण रिफॉर्म होना चाहिए. वहीं इस आंदोलन में यूजीसी बिल को लेकर भी विरोध देखने को मिला.
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