Cockroach Janata Party Parliament March: दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के हजारों समर्थक संसद मार्च की तैयारी में जुटे हैं. सीजेपी का दावा है कि करीब 10 हजार लोग प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे हैं. हालांकि दिल्ली पुलिस ने मार्च की अनुमति नहीं दी है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं.
CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से मार्च में शामिल होने की अपील की है. उन्होंने कहा कि आंदोलन पूरी तरह अहिंसक रहेगा और किसी भी ऐसी गतिविधि से बचा जाएगा जिससे इसके उद्देश्य पर सवाल खड़े हों.
इस बीच सुबह कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स पार करने की कोशिश की, जिससे कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति बनी। बाद में पुलिस ने हालात पर नियंत्रण कर लिया.
कॉकरोच जनता पार्टी के संसद मार्च से जुड़े सभी बड़े अपडेट जानने के लिए ब्लॉग को पढ़ें….
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रीजेपी नड्डा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा, “आज सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार के साथ बातचीत करने का प्रस्ताव आया और सुबह 11:50 AM से ही हमारी बातचीत जारी है. सौहार्दपूर्ण वातावरण में मुलाकात हुई. उनके डेलीगेशन के साथ विस्तार से पहले मौखिक चर्चा हुई और उनके द्वारा लगभग 4 बजे मुझे लिखित याचिका दी गई. मैंने सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध किया कि वे अपने धरने को समाप्त करें और सामान्य स्थिति बहाल करने में प्रशासन की मदद करें.”
आज सुबह पहली बार प्रदर्शनकारियों की ओर से सरकार के साथ बातचीत करने का प्रस्ताव आया और सुबह 11:50 AM से ही हमारी बातचीत जारी है।
— Jagat Prakash Nadda (@JPNadda) July 20, 2026
सौहार्दपूर्ण वातावरण में मुलाकात हुई। उनके डेलीगेशन के साथ विस्तार से पहले मौखिक चर्चा हुई और उनके द्वारा लगभग 4 बजे मुझे लिखित याचिका दी गई।
मैंने… pic.twitter.com/HLCl20RBSp
CJP के डेलीगेशन ने नड्डा को सौंपा ज्ञापन
दिल्ली | CJP के एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा को अपना ज्ञापन सौंपा। pic.twitter.com/K09ywal4HN
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 20, 2026
पुलिस ने अभिजीत दीपके को हिरासत में नहीं लियाः दिल्ली पुलिस
सोशल मीडिया पर खबरें चलाई जा रही थीं कि दिल्ली पुलिस ने अभिजीत दिपके को हिरासत में ले लिया है. दिल्ली पुलिस ने साफ किया है कि ये आरोप पूरी तरह से झूठे हैं और वे स्टेज पर मौजूद हैं.
सोशल मीडिया पर ऐसी भ्रामक खबरें फैल रही हैं कि दिल्ली पुलिस ने अभिजीत दिपके को हिरासत में ले लिया है। दिल्ली पुलिस ने साफ़ किया है कि ये आरोप पूरी तरह से झूठे हैं और वे स्टेज पर मौजूद हैं। pic.twitter.com/ozOOaqT7Y4
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 20, 2026
जंतर मंतर पर CJP का मंच हटाया गया, प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाया गया.
प्रदर्शन के दौरान कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं. पुलिसकर्मियों का आरोप है कि प्रदर्शन करने वालों ने पत्थर फेंके हैं.
#watch दिल्ली: आज पार्लियामेंट स्ट्रीट के पास प्रदर्शनकारियों के साथ झड़प में दिल्ली पुलिस के एक सब-इंस्पेक्टर घायल हो गए।
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 20, 2026
उन्होंने कहा, “हम बैरिकेड के पास खड़े थे, तभी उन्होंने (प्रदर्शनकारियों ने) पत्थर फेंके।”#cjpprotest pic.twitter.com/5n5HVCVyPf
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा, “लोकतंत्र में विरोध प्रदर्शन संसद के बाहर नहीं करेंगे तो फिर कहां जाकर करेंगे? विरोध प्रदर्शन तो वही होगा जहां आप उनकी आवाज सुन सकते हैं लेकिन आपको जनता की आवाज सुननी ही नहीं है. आपके दरवाजे पर आकर देश का नौजवान आपको अपनी बात सुनाना चाहता है. हमारी बात मानिए इस्तीफा दिलवाइए धर्मेंद्र प्रधान का और परीक्षा में पारदर्शिता लाइए.”
CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके को पुलिस ने उठाया
🚨#justin: DIPKE HAS BEEN PICKED UP BY THE POLICE!
— Saurav Das (@SauravDassss) July 20, 2026
WE REQUEST ALL MPs TO IMMEDIATELY STAND IN SUPPORT OF THE STUDENTS ON THE STREETS!
THE POLICE IS BRUTALLY CRACKING DOWN AND BEATING UP PEACEFUL PROTESTERS.
लोगों के मुद्दों को लेकर सरकार संवेदनशील नहींः केसी वेणुगोपाल
कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने कहा, “यह सरकार लोगों के मुद्दों को लेकर बिल्कुल भी संवेदनशील नहीं है. आप NEET और CBSE परीक्षा के पेपर लीक होने से देश के परिवारों का दर्द देख सकते हैं. माता-पिता छात्रों यानी अपने बेटे-बेटियों के भविष्य को लेकर चिंतित हैं. हमारी यह मांग है कि शिक्षा मंत्री इस्तीफा दें और NEET, CBSE परीक्षाओं पर चर्चा हो कि परीक्षा प्रणाली को कैसे बेहतर बनाया जाए, पेपर लीक को कैसे रोका जाए और परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता कैसे बनाए रखी जाए.”
हमारे सांसदों को पुलिस स्टेशन में रखा जा रहाः अखिलेश यादव
अखिलेश यादव ने कहा, ‘हमारे सांसदों को पुलिस स्टेशन में रखा गया है, जबकि बाहर बच्चों को पीटा जा रहा है. यह कैसी सरकार है? आप बच्चों की बात नहीं सुनना चाहते. अगर NEET परीक्षा हुई और उसमें गड़बड़ी हुई, तो इसके लिए कौन जिम्मेदार है? आप ‘विश्वगुरु’ बनना चाहते हैं. आप दावा करते हैं कि दुनिया ‘अमृत काल’ में है, फिर भी आप अपने मंत्रियों को नहीं हटा सकते. आपने नौकरियां या रोजगार नहीं दिया. अगर नौकरियां दी गई होतीं, तो क्या बच्चे सड़कों पर उतरते? अभी मुख्य सवाल यह है कि NEET छात्रों को न्याय मिलना चाहिए और यहां विरोध कर रहे छात्रों के साथ अच्छा व्यवहार किया जाना चाहिए. जब लोग विरोध प्रदर्शन करते थे, तो अंग्रेज उनकी बात सुनते थे. इसीलिए आज पूरी दुनिया में गांधी का सम्मान किया जाता है. उन्होंने विरोध का रास्ता दिखाया. जिस तरह से वे प्रदर्शनकारियों को हटा रहे हैं. उम्मीद है कि सरकार को अंत में ‘सम्मानजनक विदाई’ न मिल जाए.”
#watch दिल्ली: सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा, “हमारे सांसदों को पुलिस स्टेशन में रखा गया है, जबकि बाहर बच्चों को पीटा जा रहा है। यह कैसी सरकार है? आप बच्चों की बात नहीं सुनना चाहते। अगर NEET परीक्षा हुई और उसमें गड़बड़ी हुई, तो इसके लिए कौन ज़िम्मेदार है?… आप ‘विश्वगुरु’ बनना… pic.twitter.com/X5AkUQPdaz
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 20, 2026
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा, “जब तक आशुतोष की धर्मेंद्र प्रधान के साथ बैठक खत्म नहीं हो जाती, हम यहीं रहेंगे.”
‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने जंतर-मंतर पर अपनी भूख हड़ताल खत्म की.
#watch दिल्ली: ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दिपके ने जंतर-मंतर पर अपनी भूख हड़ताल खत्म की। pic.twitter.com/MjKcIkQwJ2
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 20, 2026
धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफ़ा दे देना चाहिए-इकरा हसन
समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन ने हम इस्तीफ़े शिक्षा मंत्री के की मांग करते हैं. सरकार को नैतिक आधार पर ज़िम्मेदारी लेनी चाहिए. यह नैतिक ज़िम्मेदारी का मामला है और हम देश के युवाओं के साथ खड़े हैं. धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफ़ा दे देना चाहिए.
सरकार छात्रों से बातचीत करे- ज़िया-उर-रहमान बर्क़
समाजवादी पार्टी के सांसद ज़िया-उर-रहमान बर्क़ ने कहा कि आज देश के भविष्य माने जाने वाले युवाओं और छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया. समाजवादी पार्टी के सांसदों का एक प्रतिनिधिमंडल उनसे मिलने जा रहा है. हम उनके आंदोलन का पूरा समर्थन करते हैं. हमने उनकी बात ज़ोर-शोर से उठाई है. सोनम वांगचुक को ज़बरदस्ती हटाकर अस्पताल ले जाया गया. हम चाहते हैं कि सरकार छात्रों से बातचीत करे और उनकी जायज़ मांगें पूरी करे.
मेट्रो स्टेशन के अंदर भी नारेबाजी
CJP ने अपने एक्स अकाउंट पर एक वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा कि मंडी हाउस मेट्रो स्टेशन के अंदर इंकलाब जिंदाबाद के नारे लगे. दिल्ली मेट्रो प्रशासन ने आज सुबह ही कुछ स्टेशनों के बंद होने के बारे में जानकारी दी थी.
संसद मार्च के कारण लगा कई किलोमीटर लंबा जाम!
CJP का संसद मार्च और पुलिस की सुरक्षा जांच के कारण नोएडा-दिल्ली रूट पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया.
दिल्ली हाईकोर्ट में होगी गीतांजलि अंग्मो की अपील पर सुनवाई
चीफ़ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की अगुवाई वाली दिल्ली हाई कोर्ट की डिवीज़न बेंच आज दोपहर 2:30 बजे सोनम वांगचुक की पत्नी डॉ. गीतांजलि अंग्मो की अपील पर सुनवाई करने के लिए सहमत हो गई है. इस अपील में सिंगल जज के उस फ़ैसले को चुनौती दी गई है. जिसमें उन्हें सफ़दरजंग अस्पताल से उनकी पसंद के प्राइवेट अस्पताल में शिफ़्ट करने से इनकार कर दिया गया था.
डिप्टी कमिश्नर के दफ्तर जा रहे CJP के मुख्य प्रवक्ता
कॉकरोच जनता पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास को डिप्टी कमिश्नर के दफ़्तर ले जाया जा रहा है. उन्होंने कहा कि हमारी (सरकार के साथ) बातचीत चल रही है.
दिल्ली पुलिस ने पूरे नई दिल्ली डिस्ट्रिक्ट के अंदर 3 लेयर बैरिकेड लगाए
हजारों की संख्या में जंतर मंतर के चौराहे पर भीड़ हाथों में झंडा लेकर नारेबाजी कर रही है. लगातार प्रोटेस्टर बैरिकेट्स पर चढ़कर आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं. वहीं पुलिस लगातार प्रदर्शनकारियों को पीछे धकेल रही है. जंतर मंतर के नजदीक पटेल चौक मेट्रो स्टेशन को पूरी तरीके से बंद कर दिया गया है. पुलिस ने जैमर लगा दिए हैं जिससे प्रोटेस्ट के आसपास फोन काम नहीं कर रहे हैं.
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि ने एक बार फिर दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया
गीतांजलि अंगमो ने दिल्ली हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच में याचिका दायर कर कल के सिंगल बेंच ले आदेश को चुनौती दी. सिंगल बेंच ने वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल से उनकी पसंद के निजी अस्पताल में ट्रांसफर करने से इनकार कर दिया था. गीतांजलि का कहना है कि सोनम को अपनी पसंद के निजी अस्पताल में इलाज कराने का अधिकार है. सरकार या अदालत उन्हें किसी खास अस्पताल में इलाज कराने के लिए मजबूर नहीं कर सकती.
पुलिस ने किया लाठीचार्ज
सीजेपी के विरोध प्रदर्शन में भारी भीड़ ने बेरीकेडिग को हटा दिया. इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज कर दिया. प्रदर्शन में कई राजनीतिक दलों के नेता भी पहुंचे हैं.
#watch | Delhi | Protesters gathered for CJP’s protest march clash with RPF personnel at Jantar Mantar; RPF personnel & police use lathis for crowd control pic.twitter.com/gijaCjJksW
— ANI (@ANI) July 20, 2026
कैसी है सोनम वांगचुक की हालत
सफदरजंग अस्पताल की तरफ से सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर हेल्थ बुलेटिन जारी किया गया है. अस्पताल की तरफ से बताया गया कि उनके ज़रूरी हेल्थ पैरामीटर स्थिर हैं. उनका लगातार मेडिकल इलाज चल रहा है और वे विशेषज्ञों की एक मल्टी-डिसिप्लिनरी टीम की कड़ी निगरानी में हैं.
संसद मार्च में शामिल होने पहुंची आम आदमी पार्टी
आम आदमी पार्टी की तरफ से AAP नेता गोपाल राय ने कहा कि देश भर से छात्र और युवा जंतर-मंतर पहुंचे हैं. सभी की एक ही चिंता है. शिक्षा मंत्री देश के लाखों छात्रों और युवाओं के भविष्य को अंधकार में धकेल रहे हैं. इसलिए उन्हें इस्तीफ़ा देना चाहिए. लोग उन्हें हटाने की मांग कर रहे हैं. सरकार ने जबरदस्ती वांगचुक की भूख हड़ताल खत्म करवा दी, जिससे लोगों में गुस्सा है. लोग आज इस मांग के साथ यहाँ जमा हुए हैं कि शिक्षा मंत्री को हटाया जाए और देश के छात्रों और युवाओं का भविष्य सुरक्षित किया जाए.
वांगचुक की पत्नी ने क्या कहा?
एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक की पत्नी डॉ. गीतांजलि आंग्मो ने कहा कि हम इस मार्च पर ध्यान देंगे. आज तीन बातें बहुत ज़रूरी हैं. पहली, हम शांतिपूर्ण ढंग से मार्च करने पर ध्यान देंगे. आइए, हम मुद्दे पर ध्यान बनाए रखें. शिक्षा का मुद्दा, जो इस देश के लिए बहुत ज़रूरी है – और सतर्क रहें.’
#watch | Delhi: Activist Sonam Wangchuk’s wife, Dr Gitanjali Angmo, says, ‘We will focus on this march. Three points are very important today. First, we will focus on conducting the march peacefully. Let us stay focused on the issue- the issue of education, which is a vital need… pic.twitter.com/leghfqIAtU
— ANI (@ANI) July 20, 2026
हम मिट्टी के प्रति अपना फर्ज निभा रहे- आजाद
आज़ाद समाज पार्टी – कांशी राम के प्रमुख और सांसद चंद्रशेखर आज़ाद भी संसद मार्च में शामिल होने पहुंचे हैं. यहां उन्होंने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि “सरकार अपना ‘धर्म’ निभा रही है, पुलिस अपना ‘धर्म’ निभा रही है और मैं इस मिट्टी के प्रति अपना फ़र्ज़ निभाने के लिए इस संघर्ष का हिस्सा बना हूं. एक भारतीय युवा होने के नाते, मैं युवाओं का दर्द समझता हूं. मैं उनकी आवाज़ बनने और उनके साथ खड़े होने के लिए यहाँ आया हूं. उनके साथ अन्याय हो रहा है। सरकार ऐसा होने दे रही है.
#watch | Delhi: Aazad Samaj Party – Kanshi Ram chief and MP Chandra Shekhar Aazad says, “Government is following its ‘dharma’, Police are following their ‘dharma’ and I am a part of this struggle to do my duty towards this soil. As an Indian youth, I understand the pain of the… https://t.co/MEdHoqpNPw pic.twitter.com/VPKhJsjbra
— ANI (@ANI) July 20, 2026
सोनम वांगचुक की सरकार के सामने 3 शर्तें
सोनम वांगचुक पिछले 23 दिनों से आमरण अनशन पर हैं, उन्होंने अनशन समाप्त करने के लिए तीन प्रमुख शर्तें रखी हैं. उन्होंने मांग की है कि सरकार शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक जैसे मामलों पर अपनी जिम्मेदारी स्वीकार करे. इसके साथ ही CJP के प्रतिनिधियों को संसद जाकर अपनी बात रखने का अवसर मिले और सांसद इन मुद्दों को सदन में उठाने का भरोसा दें. यदि उनकी खराब सेहत के कारण यह संभव नहीं हो पाता, तो सांसद स्वयं सफदरजंग अस्पताल पहुंचकर उनसे मुलाकात करें और यही आश्वासन दें.
