Parliament Special Session 2026: संसद के विशेष सत्र के दूसरे दिन महिला आरक्षण से जुड़े संशोधन विधेयकों पर जमकर चर्चा हुई. इसके बाद वोटिंग हुई, जहां सरकार बिल के पक्ष में दो तिहाई बहुमत नहीं जुटा पाई. बिल के पक्ष में 298 सदस्यों ने मतदान किया, जबकि विपक्ष में 230 सदस्यों ने वोटिंग की. इस तरह ये संशोधन विधेयक लोकसभा में पास नहीं हो सका.
OBC विरोधी पार्टी है कांग्रेस- अमित शाह
शाह ने कहा, “इस देश में कोई सबसे बड़ी OBC विरोधी पार्टी है तो वह कांग्रेस पार्टी है. इन्होंने चौधरी चरण सिंह और सीताराम केसरी, दोनों को कार्यकाल पूरा नहीं करने दिया. 1957 में काकासाहब कालेकर समिति के सुझाव आए लेकिन उन्होंने उसे ठंडे बस्ते में डाल दिया. 1980 में इंदिरा जी आई, मंडल आयोग का सुझाव आया तो उन्होंने उसे ठंडे बस्ते में डाल दिया. 1990 में वी.पी. सिंह मंडल आयोग का क्रियान्वयन लाए तो विपक्ष के नेता राजीव गांधी ने मंडल आयोग का विरोध किया.”
अमित शाह बोले- विपक्ष ने भ्रांतियां फैलाई
अमित शाह ने लोकसभा में महिला आरक्षण बिल और परिसीमन बिल पर बहस का जवाब देते हुए कहा, “विपक्ष ने कुछ भ्रांतियां फैलाई हैं- 1) हम जाति जनगणना तो टालने के लिए यह कर रहे हैं. तीन महीने पहले हम जाति जनगणना का पूरा टाइमटेबल हम घोषित कर चुके हैं, इसे टालने का सवाल ही नहीं है.
2) उत्तर बनाम दक्षिण का नैरेटिव- मैं फिर से स्पष्ट करता हूं कि दक्षिण के राज्यों का भी इस सदन पर उतना ही अधिकार है जितना उत्तर के राज्यों का है… उत्तर-दक्षिण के नैरेटिव से देश के टुकड़े-टुकड़े नहीं करना चाहिए, इससे ऊपर उठना चाहिए… जिन्होंने संविधान हाथ में लेकर शपथ ली है वे उत्तर-दक्षिण का भेद कराना चाहते हैं, हम यह नहीं होने देंगे.”
किसी को नुकसान नहीं होने देंगे- शाह
शाह ने कहा, “कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु और केरल, इन पांच राज्यों का 543 सीटों में अभी प्रतिनिधित्व 129 है यानि 23.76% है. 50% वृद्धि के बाद जब हम पांचों राज्यों की सीटों का आवंटन करते हैं तो यह 129 से बढ़कर 195 होती है, जिसका 816 में 23.87% प्रतिनिधित्व होगा. किसी का नुकसान नहीं होगा.”
अमित शाह ने कहा, “127 सीटें ऐसी हैं जहां 20 लाख से ज्यादा वोटर हैं. इसमें एक व्यक्ति, एक मत और एक मूल्य के सिद्धांत का पूर्णतः उल्लंघन होता है… मैं विश्वास दिलाता हूं कि परिसीमन के लिए ये लोग सहयोग कर दें, हम पर भरोसा करें, यह मूल्य एक समान हो जाएगा.”
इंदिरा गांधी की सरकार ने परिसीमन विधेयक लाकर सीटों को 525 से बढ़ाकर 545 किया- शाह
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, “1972 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की सरकार ने परिसीमन विधेयक लाकर सीटों को 525 से बढ़ाकर 545 किया और फिर इसे फ्रीज़ कर दिया. 1976 में सत्ता बचाने के लिए आपातकाल के काल में 42वें संशोधन द्वारा परिसीमन पर रोक लगा दी… उस वक्त भी कांग्रेस पार्टी ने ही परिसीमन से देश की जनता को वंचित रखा था और आज भी कांग्रेस पार्टी ही परिसीमन से वंचित रख रही है. 2001 में 84वां संशोधन हुआ और 2026 तक सीटों की संख्या को फ्रीज़ कर दिया गया.”
पीएम मोदी पोस्ट कर महिला आरक्षण के पक्ष में वोट करने की की अपील- उन्होंने कहा कि मै सभी सांसदों से कहूंगा… आप अपने घर में मां-बहन-बेटी-पत्नी सबका स्मरण करते हुए अपनी अंतरात्मा को सुनिए . देश की नारीशक्ति की सेवा का, उनके वंदन का ये बहुत बड़ा अवसर है. उन्हें नए अवसरों से वंचित नहीं करिए. ये संशोधन सर्वसम्मति से पारित होगा, तो देश की नारीशक्ति और सशक्त होगी. देश का लोकतंत्र और सशक्त होगा. आइए हम मिलकर आज इतिहास रचें। भारत की नारी को. देश की आधी आबादी को उसका हक दें.
केंद्रीय मंत्री एसपी सिंह बघेल ने कहा, ‘प्रधानमंत्री महिलाओं के राजनीतिक और सामाजिक उत्थान के लिए बिल लेकर आए हैं. देश के सबसे बड़े पंचायत में जाने मौका दिया. उन्होंने अपनी नीति और नियत स्पष्ट की और नेतृत्व महिलाओं को देने का काम किया. विपक्ष इसका विरोध कर रहा है और विपक्ष का ये विरोध महिलाओं के हक को समाप्त करने का काम कर रहा है.’
राजस्थान भाजपा अध्यक्ष मदन राठौर ने कहा, “महिला आरक्षण को अगर वे लोकतंत्र पर हमला बता रहे हैं तो कांग्रेस ने 3-4 बार प्रयास किया था. एक बार तो उन्होंने राज्यसभा में पारित भी करा दिया था. उनकी हिम्मत नहीं है. वे खुलकर कहें कि वे महिला आरक्षण के पक्ष में नहीं हैं. आधी आबादी को सम्मान मिलना गर्व की बात है.”
#watch दिल्ली: राजस्थान भाजपा अध्यक्ष मदन राठौर ने कहा, “महिला आरक्षण को अगर वे लोकतंत्र पर हमला बता रहे हैं तो कांग्रेस ने 3-4 बार प्रयास किया था। एक बार तो उन्होंने राज्यसभा में पारित भी करा दिया था। उनकी हिम्मत नहीं है। वे खुलकर कहें कि वे महिला आरक्षण के पक्ष में नहीं हैं…… pic.twitter.com/kUEVMrod3j
— ANI_HindiNews (@AHindinews) April 17, 2026
भाजपा सांसद कंगना रनौत ने महिला आरक्षण बिल पर कहा,“महिलाओं को बहुत-बहुत बधाई। इस बिल को लेकर महिलाओं में एक उत्साह जगा है पीएम मोदी ने असंभव को संभव बना दिया है 30 साल से अटके हुए बिल को पारित किया है.”
समाजवादी पार्टी सांसद अखिलेश यादव ने कहा,“भाजपा को समझना मुश्किल है भाजपा के फैसलों को समझना मुश्किल है. जब लोगों से कहा गया कि उनका SIR होगा तो SIR के बहाने NRC कर रहे थे. अगर भविष्य में NRC होगी तो ये कौन से नए कागज मांगेंगे. यूपी में हमने देखा SIR के बहाने NRC कर रहे थे. अब महिला आरक्षण के बहाने ये अपने मन मर्जी परिसीमन करके जिससे ये कभी हारे नहीं. ये जनता देख रही है जब कभी भाजपा मतदान के लिए जाएगी तो ये बुरी तरह हारेगी.”
#watch दिल्ली: समाजवादी पार्टी सांसद अखिलेश यादव ने कहा,”भाजपा को समझना मुश्किल है भाजपा के फैसलों को समझना मुश्किल है। जब लोगों से कहा गया कि उनका SIR होगा तो SIR के बहाने NRC कर रहे थे अगर भविष्य में NRC होगी तो ये कौन से नए कागज मांगेंगे। यूपी में हमने देखा SIR के बहाने NRC कर… pic.twitter.com/Ka8BNbq3l4
— ANI_HindiNews (@AHindinews) April 17, 2026
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “हरिवंश जी का जन्म जेपी के गांव में हुआ और सहज रूप से ग्रामीण पृष्ठभूमि के कारण वो अपने गांव के विकास के लिए विद्यार्थी काल से भी कुछ न कुछ करते और उनकी शिक्षा-दिक्षा काशी में हुई.”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “हरिवंश जी का जन्म जेपी के गांव में हुआ और सहज रूप से ग्रामीण पृष्ठभूमि के कारण वो अपने गांव के विकास के लिए विद्यार्थी काल से भी कुछ न कुछ करते और उनकी शिक्षा-दिक्षा काशी में हुई।” pic.twitter.com/bOW9fFuill
— ANI_HindiNews (@AHindinews) April 17, 2026
