Veg vs Non Veg: वेज खाना बेहतर है या नॉनवेज, यह बहस हर घर की डाइनिंग टेबल पर कभी न कभी छिड़ ही जाती है.कुछ लोग शाकाहार को लंबी उम्र का राज मानते हैं, तो कुछ का कहना है कि मांसाहार में मिलने वाला प्रोटीन और पोषण शरीर के लिए ज्यादा फायदेमंद है.लेकिन असल में सेहत और लंबी जिंदगी के लिए कौन सी डाइट बेहतर मानी जाती है? आइए एक्सपर्ट्स और रिसर्च के हवाले से इस सवाल का जवाब ढूंढते हैं.
शाकाहार के फायदे क्या कहते हैं
कई रिसर्च में यह बात सामने आई है कि शाकाहारी लोगों में दिल की बीमारी, हाई ब्लड प्रेशर, टाइप 2 डायबिटीज और कैंसर जैसी पुरानी बीमारियों का खतरा कम पाया जाता है.शाकाहारियों का वजन और बॉडी मास इंडेक्स भी आमतौर पर कम रहता है, क्योंकि उनकी डाइट फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होती है.सब्जियों और फलों से मिलने वाला विटामिन ई, सी और कैरोटीन शरीर को अंदर से मजबूत बनाने में मदद करता है.साथ ही सैचुरेटेड फैट कम मात्रा में मिलने की वजह से दिल पर दबाव भी कम पड़ता है.
नॉनवेज को लेकर भी सामने आ रहे नए दावे
लंबे समय तक यही माना जाता रहा कि शाकाहारी लोग ज्यादा लंबा जीते हैं, लेकिन हाल ही में चीन में बुजुर्गों पर हुई एक स्टडी ने इस सोच को चुनौती दी है.इस रिसर्च के मुताबिक पूरी तरह वीगन डाइट फॉलो करने वालों के 100 साल की उम्र तक पहुंचने के चांस, नॉनवेज खाने वालों के मुकाबले कम पाए गए.यानी बुढ़ापे में शरीर को जिस तरह के पोषण की जरूरत होती है, वो सिर्फ प्लांट बेस्ड डाइट से पूरी नहीं हो पाती है.
बीच का रास्ता भी है एक ऑप्शन
इसी स्टडी में एक दिलचस्प बात यह भी सामने आई कि जो लोग मछली या डेयरी प्रोडक्ट्स लेते हैं यानी पेस्को वेजिटेरियन डाइट फॉलो करते हैं, उनकी उम्र और नॉनवेज खाने वालों की उम्र में बहुत बड़ा फर्क नहीं देखा गया.इससे यह साफ होता है कि पूरी तरह वेज या पूरी तरह नॉनवेज होने की बजाय, बैलेंस्ड डाइट लंबी और सेहतमंद जिंदगी के लिए ज्यादा अहम भूमिका निभा सकती है.
और भी फैक्टर हैं जिम्मेदार
रिसर्चर्स का यह भी कहना है कि लंबी उम्र सिर्फ खाने की आदतों पर निर्भर नहीं करती.जेनेटिक्स, लाइफस्टाइल, फिजिकल एक्टिविटी और ओवरऑल हेल्थ जैसे कई फैक्टर भी इसमें बराबर की भूमिका निभाते हैं.यही वजह है कि सिर्फ वेज या नॉनवेज होने से ही किसी की उम्र लंबी या छोटी होने की गारंटी नहीं दी जा सकती.
एक्सपर्ट्स की सलाह क्या है
हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो नॉनवेज खाने वालों को कम फैट वाले मीट चुनने चाहिए, साथ ही डाइट में प्लांट बेस्ड प्रोटीन को भी शामिल करना चाहिए.वहीं हर व्यक्ति की पोषण संबंधी जरूरतें उम्र, जेंडर, एक्टिविटी लेवल और ओवरऑल हेल्थ के हिसाब से अलग हो सकती है.इसलिए डाइट प्लान बनाने से पहले न्यूट्रिशनिस्ट या डॉक्टर से सलाह लेना सबसे बेहतर तरीका माना जाता है.
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