MP News: मध्य प्रदेश में सीएम मोहन यादव की सरकार दिसंबर में अपने तीन साल पूरे करने जा रही है. ऐसे में सरकार मंत्री-विधायकों का रिपोर्ट कार्ड तैयार होगा. सरकार इसके लिए ‘चिंतन शिविर’ का आयोजन करेगी, जहां 3 साल के कामकाज का मंथन होगा. इसके बाद परफाॅर्मेंस के आधार पर बड़े फैसले संभव होंगे. मोहन सरकार 21 और 22 दिसंबर को चिंतन शिविर का आयोजन करेगी.
इस शिविर में सरकार के तीन साल पूरे होने पर मंत्री, विधायक और सांसदों के कामकाज की समीक्षा की जाएगी. सरकार ने इसके लिए तीन साल के कामकाज का लेखा-जोखा तैयार किया है. सूत्रों का कहना है कि मंत्रियों के प्रदर्शन के आधार पर मंत्री मंडल में फेरबदल हो सकता है.
बताया जा रहा है कि कई मंत्रियों के प्रभार वाले जिलों में बदलाव की संभावना है. वहीं कमजोर प्रदर्शन वाले विधायकों की सूची तैयार होने की भी चर्चा सामने आई है. इस शिविर में संगठन और सरकार के स्तर पर जनप्रतिनिधियों के कामकाज का आकलन किया जाएगा.
दिसंबर के तीसरे सप्ताह में आयोजित होगा चिंतन शिविर
दरअसल, आज मोहन सरकार की कैबिनेट बैठक पूरी हुई है. इस बैठक के बाद बताया गया है कि सरकार दिसंबर के तीसरे सप्ताह में सेवा चिंतन शिविर का आयोजन करने जा रही है. इसमें प्रदेश के सभी विधायक, सांसद और मंत्री शामिल होंगे. इसके साथ ही नीति चिंतन शिविर भी आयोजित किया जाएगा. इस शिविर में आधिकारी शामिल होंगे. इस दोनों की शिविर कार्यक्रमों के माध्यम से जनसेवा और सरकारी नितियों के क्रियान्वयन से जुड़े सभी विषयों पर चर्चा की जाएगी. हालांकि अभी दोनों ही शिविर से जुड़ी विस्तृत रूपरेखा सामने नहीं आई है.
3,378 करोड़ रुपये के विकास कार्यों को मंजूरी
मोहन सरकार की इस बैठक में प्रदेश में विकास कार्यों की योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए 3,378 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है. इसमें छिंदवाड़ा, सागर, सिवनी और मुरैना से जुड़ी योजनाएं शामिल है. एमपी में किसान कल्याण वर्ष के तहत किए गए सभी विकास कार्यों की प्रेजेंटेशन भी दी गई. साथ ही राज्य के 12 जिलों में अल्पवर्षा की स्थिति और इससे संबंधित मापदंडों पर भी चर्चा की गई.
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