MP SIR: मध्य प्रदेश में मुख्य निर्वाचन अधिकारी संजीव कुमार झा ने प्रेस कॉन्फ्रेस करके एसआईआर की फाइनल लिस्ट से जुड़ी सभी जानकारी साझा की है. निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि एमपी की अंतिम मतदाता सूची में 5 करोड़ 39 लाख, 81 हजार 65 वोटर्स के नाम शामिल किए है. वहीं फाइनल सूची तैयार होने के बाद मध्य प्रदेश में 34 लाख मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं.
34 लाख मतदातओं के नाम सूची से हटे
मुख्य चुनाव आयोग ने आज सूची का प्रकाशन किया. आयोग ने इस दौरान प्रदेश के सभी पात्र नागरिकों का अभिनंदन किया. सीईओ ने कहा कि प्रशासन के अधिकारी कर्मचारी, मीडिया, सभी राजनैतिक दलों का सहयोग मिला है. उन्होंने कहा कि मतदाता सूची के प्रकाशन से पहले राज्य में कुल 5,74,06,143 मतदाता पंजीकृत थे.
प्रारूप सूची के प्रकाशन के बाद यह संख्या घटकर 5,31,31,983 रह गई थी. जिसके बाद अब अंतिम सूची में कुल 5,39,81,065 मतदाताओं के नाम शामिल किए गए हैं. इस प्रकार प्रारूप सूची के बाद 8,49,082 मतदाताओं की शुद्ध वृद्धि (नेट एडिशन) दर्ज की गई. कुल मिलाकर 27 नवंबर से अब तक की कार्रवाई में 34,25,078 मतदाताओं की संख्या घटी है.
मंत्रियों के क्षेत्र में कटे सबसे ज्यादा नाम
एसआईाआर की इस पूरी प्रक्रिया में सीएम मोहन यादव समेत कैबिनेट मंत्रियों के क्षेत्र से 8 लाख 20 हजार 255 नाम काटे गए हैं. इसके बाद नाम जोड़ने की प्रकिया शुरू की गई, जिसके बाद समय सीमा में सिर्फ 1 लाख 69 हजार 753 आवेदन जमा किए गए.
मंत्री कृष्णा गौर की विधानसभा में कटे सबसे ज्यादा नाम
एसआईआर प्रक्रिया में सबसे ज्यादा नाम मंत्री कृष्णा गौर और विश्वास सारंग की विधानसभा क्षेत्र में काटे गए हैं. उसी प्रकार सबसे अधिक नाम जोड़ने के लिए आवेदन भी किए गए. पूरे प्रदेश की बात करें तो 42 लाख 74 हजार से अधिक नाम काटने की कार्यवाही एसआईआर में की गई और इसके विपरीत नए नाम जोड़ने के लिए सिर्फ 9 लाख 89 हजार 991 लोगों ने आवेदन जमा किए.
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