Vistaar NEWS

Indore के घरों में पहुंचा जहरीला घी, खाद्य विभाग के छापे के बाद बड़ा खुलासा

Fake Ghee Brands

खाद्य विभाग की जांच में घी के ब्रांड्स फेल

Indore Packed Ghee: मध्यप्रदेश के इंदौर जिले से इस वक्त की बड़ी खबर आ रही है. खबर आम जनता से जुड़ी हुई है. आजकल लोग घी बनाने की झंझट पालने के बजाय मार्केट से ले लेते हैं. पर इंदौर में मार्केट से घी लेना खतरे से खाली नहीं है. दरअसल, शहर में बिक रहे नामी कंपनियों के पैक्ड घी की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. खाद्य सुरक्षा विभाग ने जुलाई से सितंबर के बीच 28 घी के सैंपलों की जांच की, जिसमें सभी फेल हो गए. इनमें से 24 सैंपल असुरक्षित और 4 अवमानक पाए गए.

17 हजार लीटर घी का स्टॉक जुड़ा

सबसे खतरनाक बात यह है कि असुरक्षित सैंपलों में से 16 की जब सीसा (Lead) के लिए जांच की गई, तो 10 सैंपलों में सीसे की मात्रा तय मानक से 5 से 10.5 गुना ज्यादा मिली. इन सैंपलों में सीसे की मात्रा 0.10 से 0.21 mg/kg तक पाई गई, जबकि स्वीकार्य सीमा सिर्फ 0.02 mg/kg है.विभाग के मुताबिक, इन 24 असुरक्षित सैंपलों से करीब 17 हजार लीटर घी का स्टॉक जुड़ा हुआ है.

अभिनेता रघुवीर यादव को मिलेगा किशोर कुमार सम्मान, 13 अक्टूबर को खंडवा में सजेगी गीतों की महफिल

3400 लीटर घी बाजार में पहुंचा

गौरतलब है कि, कार्रवाई से पहले ही इसका 15 से 20 प्रतिशत हिस्सा यानी लगभग 2550 से 3400 लीटर घी बाजार में पहुंच चुका है, या कहें कि लोगों लोगों के किचन तक पहुंच चुका है. संबंधित स्टॉक का नेटवर्क लसूड़िया, देवास नाका, बांगड़दा, सियागंज, पालदा, लोहामंडी, मल्हारगंज और राजेंद्र नगर सहित अलग-अलग क्षेत्रों के डिपो और विक्रेताओं से जुड़ा है.

क्या होता है सीसा?

विशेषज्ञों के अनुसार नकली घी को असली जैसा दिखाने के लिए उसमें मिलाए गए रंग, केमिकल या सस्ते तेल/वसा में सीसा हो सकता है. इसके अलावा घटिया प्लास्टिक की पैकेजिंग और स्टोरेज ड्रम से भी सीसा घी में आ सकता है.

Exit mobile version