मऊगंज: मऊगंज जिले से एक ऐसा हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जिसे देखकर आप भी दंग रह जाएंगे. एक सरकारी अधिकारी, जो कल तक दूसरों की समस्याओं का निपटारा करता था, वो निलंबित होने के बाद, अनोखे अंदाज में विरोध प्रदर्शन करते हुए खुद दफ्तर के बाहर कटोरा लेकर भीख मांगते हुए अपना विरोध जताया. निलंबित उपयंत्री राजेश प्रताप सिंह की, कई आवेदनों के बाद भी जब सुनवाई नहीं हुई तो, उन्होंने अनोखे अंदाज में कटोरा लेकर भीख मांगकर अपना विरोध जताया.
कटोरा लेकर प्रदर्शन
मऊगंज नगर परिषद में पदस्थ रहे उपयंत्री राजेश प्रताप सिंह, शुक्रवार को रीवा में संयुक्त संचालक कार्यालय के सामने, हाथों में कटोरा लेकर प्रदर्शन करते दिखे. जनवरी 2025 में मऊगंज से रीवा संयुक्त संचालक कार्यालय में उन्हें अटैच किया गया था. सीएम हेल्पलाइन की शिकायत पर पाइप लाइन के ऊपर नाली निर्माण के आरोप में उन्हें निलंबित किया गया था. उपयंत्री का दावा है कि नाली निर्माण कार्य हनुमना नगर परिषद के उपयंत्री द्वारा कराया गया था. लेकिन सजा उन्हें दी गई.
10 महीनों से जीवन निर्वाह भत्ता बंद-राजेश प्रताप सिंह
उनका कहना है कि, पिछले 14 महीनों से वो निलंबित हैं और 10 महीनों से जीवन निर्वाह भत्ता भी बंद है. बिना किसी जांच या आरोप पत्र के मामला लटका हुआ है, और दर्ज की गई 3 सीएम हेल्पलाइन शिकायतों को भी बिना संपर्क किए बंद कर दिया गया. घर चलाने और परिवार के भरण-पोषण के लिए अब भीख मांगने की नौबत आ गई है, इसलिए उन्होंने भीख मांगकर अपना विरोध जताया.
