MP News: मध्य प्रदेश और राजस्थान बॉर्डर का फायदा उठाने वाले ड्रग्स तस्करों और उनसे जुड़े अपराधियों के बुरे दिन शुरू होने वाले हैं. मध्य प्रदेश और राजस्थान की पुलिस संयुक्त रूप से ऐसा कदम उठाने वाली है कि ड्रग तस्करों का बचना मुश्किल होगा. दरअसल, रतलाम के चिकलाना गांव में एमडी ड्रग्स फैक्ट्री पकड़े जाने के बाद रतलाम पुलिस लगातार एक्शन में है. वहीं ड्रग नेटवर्क के तार राजस्थान से जुड़े होने और तस्करों द्वारा दो राज्यों की सीमा का लाभ उठाने की घटनाओं के चलते एक ज्वाइंट ऑपरेशन की तैयारी हो रही है.
मादम पदार्थों की तस्करी पर हो रही कार्रवाई
रतलाम रेंज के डीआईजी निमिष अग्रवाल ने बताया कि चिकलाना में ड्रग फैक्ट्री पकड़े जाने के बाद रतलाम, मंदसौर और नीमच जिलों में मादक पदार्थों की तस्करी पर लगातार कार्रवाई की जा रही है. इसके साथ ही अब दोनों राज्यों की पुलिस बॉर्डर मीटिंग भी करेगी. इस मीटिंग के बाद ज्वाइंट ऑपरेशन चलाकर ड्रग्स नेटवर्क को ध्वस्त किया जाएगा.
ड्रग नेटवर्क से जुड़े 28 आरोपी गिरफ्त में
बीते महीने रतलाम पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए रतलाम के चिकलाना गांव में दबिश दी थी. यहां दिलावर पठान के घर पर रेड डालकर ड्रग्स फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया था. पुलिस ने यहां से 10 किलो 900 ग्राम ड्रग सहित दो ड्रम ड्रग्स बनाने का लिक्विड बरामद किया था. इस बड़े ड्रग नेटवर्क में अब तक कुल 28 आरोपी पकड़े जा चुके हैं.
ड्रग बनाने वाली इस फैक्ट्री के तार राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले के देवलजी गांव से जुड़े हुए थे, जिसके बाद मंदसौर जिला पुलिस ने राजस्थान पुलिस के साथ मिलकर देवलजी गांव में भी रेड डाली थी. यहां के लाला पठान परिवारों की संलिप्तता एमडी बनाने और सप्लाई करने में पाई गई है.
राजस्थान का लाला पठान गैंग भी रडार पर
डीआईजी निमिष अग्रवाल ने बताया कि राजस्थान के प्रतापगढ़ और झालावाड़ जिलों में भी ड्रग्स तस्करी के तार जुड़े हुए हैं. यहां लाला पठान गैंग द्वारा एमडी ड्रग्स बनाने के कई मामले सामने आ चुके हैं. इसके लिए एमपी-राजस्थान सीमा से लगे दोनों ओर के जिलों की पुलिस बॉर्डर मीटिंग करने वाली है. इस मीटिंग में ड्रग्स नेटवर्क पर मध्य प्रदेश और राजस्थान दोनों की पुलिस द्वारा संयुक्त कार्रवाई की तैयारी की जा रही है.
