Bastar Dussehra 2026: बस्तर की पावन धरा एक बार फिर विश्व के सबसे लंबे लोक-उत्सव की साक्षी बन गई है. बुधवार को हरेली अमावस्या के पावन अवसर पर मां दंतेश्वरी मंदिर प्रांगण में पाट जात्रा पूजा विधान के साथ विश्व प्रसिद्ध ‘बस्तर दशहरा पर्व’ का विधिवत शुभारंभ हो गया. 75 दिनों तक चलने वाले इस अनोखे और अलौकिक उत्सव की शुरुआत के साथ ही रथ निर्माण के लिए ठुरलू खोटला की पूजा भी विधि विधान के साथ की गई.
परंपरा के साथ हुआ शुभारंभ
पाट जात्रा पूजा में बस्तर दशहरा समिति के सदस्य, पारम्परिक मांझी-चालकी, मेम्बर-मेम्बरीन, पुजारी, पटेल, नाईक-पाईक और बड़ी संख्या में सेवादार उपस्थित रहे. मां दंतेश्वरी की आराधना के साथ पूरे मंदिर परिसर में शंख और ढोल की ध्वनि गूंजी.
विश्व का सबसे लंबा दशहरा
बस्तर दशहरा को विश्व का सबसे लंबा चलने वाला दशहरा माना जाता है. यह उत्सव 75 दिनों तक चलेगा और इसमें बस्तर की समृद्ध संस्कृति, परंपरा और आदिवासी रीति-रिवाजों की झलक देखने को मिलेगी. रथ निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही अब धीरे-धीरे पूरे बस्तर में दशहरा का माहौल बनने लगेगा.
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