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’22 सांसद हमारे साथ…’, काकोली के दावे के बीच अभिषेक की चिट्ठी से गरमाई स‍ियासत, किस पार्टी के साथ जा रहे बागी?

TMC Rebel MPs,

एकसाथ नजर आए टीएमसी के बागी

West Bengal Politics: तृणमूल कांग्रेस की संसदीय पार्टी में बगावत को लेकर एक ओर केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के घर पर बागी सांसदों की बैठक आयोजित की गई. अलग गुट का दावा है कि उनके पास 22 से ज्यादा सांसदों का साथ है. यही वजह है कि वे इसको लेकर सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला से मुलाकात करेंगे. दूसरी तरफ टीएमसी सांसद कीर्ति झा आजाद और सागरिका घोष  ने लोकसभा अध्यक्ष से दिल्‍ली में मुलाकात की है.

टीएमसी सांसदों ने अपनी इस मुलाकात में स्पीकर को पार्टी के महासचिव और संसदीय दल के नेता अभिषेक बनर्जी का पत्र सौंपा है. 10 जून को लिखे पत्र में स्पीकर से अनुरोध किया गया है कि वे अलग गुट की मान्यता नहीं दी जाए. उन्‍होंने कहा कि इन सबको एक ही दल के तौर पर देखा जाए.

किस पार्टी में होगा व‍िलय?

सूत्रों का कहना है कि टीएमसी के बागी गुट ने Nationalist Citizen Party में विलय का फैसला किया है. इस पार्टी की मौजूदगी असम, त्रिपुरा, बंगाल और उत्तर पूर्व राज्यों में है. इस पार्टी में विलय करेंगे और एनडीए का समर्थन करेंगे.

अभिषेक बनर्जी के इस पत्र में लिखा गया कि टीएमसी एक एकीकृत और अविभाज्य राजनीतिक दल है. लोकसभा में इसका विधायी दल अपने अस्तित्व और वैधता के लिए राजनीतिक दल पर निर्भर है और उसी का अंग बना रहता है.टीएमसी के भीतर केवल एक ही टीएमसी है, एक ही सदन नेता और एक ही मुख्य सचेतक (व्हिप) है.

4 सांसद दे चुके पद से इस्तीफा

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव नतीजों के बाद कई नेताओं ने पार्टी और ममता बनर्जी का साथ छोड़ दिया है. TMC के कुल 28 लोकसभा सांसद हैं. इसके अलावा 13 राज्यसभा सांसदों में से 4 ने इस्तीफा दे दिया और पार्टी भी छोड़ दी है. यह सब बागी नेता सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष से मुलाकात करेंगे. मांग यह है कि उन्हें एक अलग संसदीय गुट के तौर पर मान्यता दी जाए, यानी वो TMC से अलग एक नया पार्लियामेंट्री ब्लॉग बनाना चाहते हैं.

इन सांसदों के साइन वाला पत्र आया था सामने

बागी गुट की सांसद काकोली घोष का दावा है कि उनके पास अब 22 सांसदों का समर्थन है. इससे पहले 19 सांसदों के साइन वाला पत्र सोशल मीडिया पर सामने आया था.  

शुक्रवार को एक कागज सामने आया जिस पर 19 TMC सांसदों के दस्तखत थे. इन नामों में काकोली घोष दस्तीदार, सताब्दी रॉय, बापी हल्दर, शर्मिला सरकार, प्रसून बनर्जी, जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया, असित माल, अरूप चक्रवर्ती, कालीपद सोरेन, दीपक अधिकारी यानी देव, जून मालिया, पार्थ भौमिक, खलीलुर रहमान, अबू ताहेर खान, यूसुफ पठान, मिताली बाग और माला रॉय शामिल हैं. इस बागी गुट ने यह भी कहा है कि वो केंद्र में BJP की अगुवाई वाली NDA सरकार को समर्थन देंगे.  

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