देवास शराब कांड में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, कांग्रेस नेता आनंद कासलीवाल गिरफ्तार
कांग्रेस नेता गिरफ्तार
Dewas Liquor Case: मध्य प्रदेश के देवास जिले के चंदाना में जहरीले केमिकल से बनी अवैध शराब और संदिग्ध मौतों के मामले में पुलिस की जांच अब राजनीतिक गलियारों तक पहुंच गई है. इस मामले में कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता आनंद कासलीवाल को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. इससे पहले पुलिस कांग्रेस प्रवक्ता के बेटे अमन कासलीवाल को भी गिरफ्तार कर चुकी है. अमन पर जहरीला केमिकल मेथनॉल अवैध शराब बनाने वाले गिरोह को बेचने का शक है. पुलिस ने जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर उसे आरोपी बनाया था.
कोर्ट में पेशी के दौरान बिगड़ी तबीयत
गिरफ्तारी के बाद न्यायालय में पेशी के दौरान आनंद कासलीवाल की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई है. स्वास्थ्य खराब होने पर उन्हें देवास जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार किया गया. वहीं, मामले में आरोपी अमन कासलीवाल और अजय राठौर को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से दोनों को दो दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया. पुलिस इस मामले में अवैध शराब बनाने और उसमें इस्तेमाल होने वाले केमिकल की आपूर्ति से जुड़े नेटवर्क की पड़ताल कर रही है.
चंदाना में अवैध शराब और संदिग्ध मौतों का मामला 15 और 18 अक्टूबर को हुई दो मौतों की जांच के दौरान सामने आया था. जांच के दौरान मृतकों के परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस को चंदाना निवासी विनोद जायसवाल के कथित तौर पर अवैध शराब बेचने की जानकारी दी थी. इसके बाद पुलिस ने स्थानीय सूचनाओं और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई. इसी क्रम में इंदौर के अमन कासलीवाल का नाम सामने आया. पुलिस को संदेह है कि अवैध शराब तैयार करने वाले गिरोह तक घातक केमिकल मेथनॉल पहुंचाने में उसकी भूमिका रही है.
कार की डिक्की से मिली थीं शराब की छह पेटियां
पुलिस ने 26 अक्टूबर को प्रतापनगर-आंबेडकर नगर क्षेत्र में नाकाबंदी के दौरान कार्रवाई करते हुए विनोद जायसवाल, अजय राठौर और रामेश्वर सोनगरा को गिरफ्तार किया था. तलाशी के दौरान उनकी कार की डिक्की से अवैध शराब की छह पेटियां बरामद होने की जानकारी सामने आई थी. इसके बाद जांच का दायरा बढ़ाया गया और केमिकल की खरीद-फरोख्त से जुड़े लोगों की भूमिका की पड़ताल शुरू हुई. मामले में अब तक 11 आरोपियों की गिरफ्तारी की बात सामने आई है.
केमिकल सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस की जांच का मुख्य केंद्र अब यह पता लगाना है कि शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाला केमिकल कहां से लाया गया, उसकी आपूर्ति किन लोगों ने की और इस पूरे नेटवर्क में किसकी क्या भूमिका रही. चंदाना में हुई संदिग्ध मौतों को भी केमिकलयुक्त शराब के सेवन से जोड़कर देखा जा रहा है. हालांकि, मौतों की वास्तविक वजह की पुष्टि संबंधित चिकित्सकीय रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों से ही हो सकेगी. आनंद कासलीवाल की गिरफ्तारी की खबर सामने आने के बाद इस मामले ने राजनीतिक हलकों में भी हलचल बढ़ा दी है.
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