इन देशों में नए साल का जश्न मनाना है ‘अपराध’, पकड़े जाने पर हो सकती है जेल
Vistaar News Desk
कुछ देशों में नए साल का जश्न मनाना कानूनी अपराध
उत्तर कोरिया में नया साल ग्रेगोरियन कैलेंडर से नहीं बल्कि देश की अपनी विचारधारा से जुड़ा हुआ है और यह देश जूचे कैलेंडर को मानता है.यहां अगर कोई भी व्यक्ति 1 जनवरी को जश्न मनाते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे सजा के तौर पर मजदूरी और जेल कैंप से भी ज्यादा कड़ी सजा दी जाती है. सऊदी अरब जो कि इस्लामिक देश है और यह भी अपना धर्म कैलेंडर इस्लामिक को मानता है.इस देश में अगर कोई व्यक्ति बिना अनुमति के नए साल पर जश्न मनाता है, तो उसे हिरासत या देश निकाला जैसी सजा मिलती है. ब्रुनेई भी एक ऐसा देश है, जहां 1 जनवरी को जश्न मनाना कानूनी अपराध माना जाता है. शरिया कानून के तहत यहां अगर कोई व्यक्ति जश्न मनाते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे 5 साल तक की जेल, भारी जुर्माना या दोनों हो सकते हैं.सोमालिया की सरकार ने नए साल और क्रिसमस के जश्न पर आधिकारिक तौर पर बैन लगाया है.यहां जश्न मनाने या नियमों का उल्लंघन करने वालों को गिरफ्तारी भी हो जाती है.ताजिकिस्तान में नए साल का जश्न मनाया जाता है, लेकिन उस पर सरकार का कड़ा नियंत्रण भी रहता है. यहां कोई भी व्यक्ति स्कूल और सार्वजनिक जगहों पर जश्न नहीं मना सकता है. नियमों का उल्लंघन करने पर सजावट का सामान जब्त करना और प्रशासनिक दंड का सामना करना पड़ता है.