नोएडा में इंजीनियर की मौत के मामले में 2 और बिल्डर पकड़े गए, अब तक 3 की हुई गिरफ्तारी

नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज की मौत के मामले में 5 बिल्डरों पर केस दर्ज किया गया था. जिसमें विश टाउन के बिल्डर अभय कुमार को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी.
Two more builders arrested in Noida engineer death case.

नोएडा में इंजीनियर की मौत के मामले में 2 और बिल्डर गिरफ्तार.

Noida Engineer death: नोएडा के सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज की मौत के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. पुलिस ने मामले में 2 और बिल्डरों को गिरफ्तार किया है. युवराज की मौत के मामले में अब तक कुल 3 बिल्डर गिरफ्तार हो चुके हैं. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लापरवाही बरतने वाले बिल्डरों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है.

2 बिल्डर अभी भी फरार

नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज की मौत के मामले में 5 बिल्डरों पर केस दर्ज किया गया था. जिसमें विश टाउन के बिल्डर अभय कुमार को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी. वहीं गुरुवार को 2 और बिल्डरों को गिरफ्तार किया गया. गिरफ्तार किए गए बिल्डरों की पहचान रवि बंसल और सचिन कर्णवाल के रूप में हुई है. हालांकि अभी 2 बिल्डर अभी भी फरार हैं. लेकिन पुलिस का दावा है कि जल्द ही अन्य बिल्डरों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा.

बिल्डरों की लापरवाही के कारण इंजीनियर की जान चली गई

नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनयर युवराज मेहता(27) की मौत के मामले में पुलिस का मानना है कि बिल्डरों की लापरवाही के कारण हादसा हो गया. पुलिस ने बताया कि ये कार्रवाई उन बिल्डरों पर की जा रही है, जिनकी लापरवाही के कारण युवराज की जान चली गई. हादसे के लिए जो दूसरे अन्य लोग जिम्मेदार हैं, उनके ऊपर भी कार्रवाई की जाएगी. सभी की पहचान की जा रही है, जिन्होंने नियमों की अनदेखी की है, सभी पर सख्त एक्शन लिया जाएगा.

जानिए क्या है पूरा मामला?

  • नोएडा में सिस्टम की लापरवाही के कारण 27 साल के एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की जान चली.
  • सेक्टर 150 के पास मॉल का बेसमेंट बनाने के लिए गड्ढा बनाया गया था.
  • गड्ढे में कार के डूबने से इंजीनियर की मौत हो गई.
  • युवराज ने पिता को फोन करके कहा था कि मैं डूब रहा हूं, मुझे बचा लो.
  • पुलिस की टीम पहुंची थी और दमकल का इंतजार करती रही.
  • युवराज की मौत के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन की लापरवाही पर गुस्सा जाहिर किया था.
  • सर्विस रोड पर रिफ्लेक्टर और साइन बोर्ड नहीं लगाया था.
  • CM योगी ने मामले में SIT गठित की है, 5 दिनों में रिपोर्ट सौंपेगी.
  • सरकार ने नोएडा अथॉरिटी के सीईओ को भी हटा दिया है.

ये भी पढे़ं: गड्ढे में इंजीनियर की मौत के मामले में योगी सरकार का बड़ा एक्शन, नोएडा अथॉरिटी के CEO को हटाया

ज़रूर पढ़ें