एग्रीकल्चर और डेयरी सेक्टर में नहीं हुआ कोई समझौता, यूएस-भारत ने जारी किया अंतरिम ट्रेड डील का फ्रेमवर्क
पीएम नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (फाइल तस्वीर)
India US Interim Trade Deal: भारत और अमेरिका ने शुक्रवार (7 फरवरी) को अंतरिम ट्रेड एग्रीमेंट (Interim Trade Agreement) का फ्रेमवर्क जारी कर दिया. इससे दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौते (Bilateral Trade Agreement) को अंतिम रूप देने में मदद मिलेगी. ये घोषणा लंबे दौर की बातचीत और डोनाल्ड ट्रंप के द्वारा भारत से 25 फीसदी टैरिफ में कटौती के ऐलान के बाद सामने आई है.
दोनों देशों के संयुक्त बयान में क्या है?
यूएस और भारत के द्वारा जारी संयुक्त बयान में कहा गया है कि अमेरिका और भारत इस फ्रेमवर्क को जल्द ही लागू करेंगे. इसे समझौते को अंतिम रूप देने की दिशा में काम करेंगे. इससे दोनों देशों को लाभ पहुंचाने वाले द्विपक्षीय व्यापार समझौते को जल्द से जल्द पूरा किया जा सकेगा. वहीं, दोनों देशों ने इसे अपनी व्यापारिक साझेदारी में मील का पत्थर बताया है.
Great news for India and USA!
— Narendra Modi (@narendramodi) February 7, 2026
We have agreed on a framework for an Interim Trade Agreement between our two great nations. I thank President Trump for his personal commitment to robust ties between our countries.
This framework reflects the growing depth, trust and dynamism of… https://t.co/zs1ZLzamhd
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने क्या कहा?
केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर पोस्ट करके लिखा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने अमेरिका के साथ एक अंतरिम समझौते का फ्रेमवर्क तैयार कर लिया है. इससे भारतीय एक्सपोर्टर्स, खासकर MSMEs, किसानों और मछुआरों के लिए 30 ट्रिलियन डॉलर का बाजार खुलेगा. निर्यात में बढ़ोतरी से देश के युवाओं और महिलाओं के लिए लाखों नई नौकरियों के अवसर बनेंगे.
Under the decisive leadership of PM @NarendraModi ji, India has reached a framework for an Interim Agreement with the US. This will open a $30 trillion market for Indian exporters, especially MSMEs, farmers and fishermen. The increase in exports will create lakhs of new job… pic.twitter.com/xYSjxML6kt
— Piyush Goyal (@PiyushGoyal) February 7, 2026
इस पोस्ट में केंद्रीय मंत्री ने आगे लिखा कि इस फ्रेमवर्क के तहत, अमेरिका भारतीय सामानों पर आपसी टैरिफ घटाकर 18 फीसदी कर देगा, जिससे दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था में टेक्सटाइल और कपड़ों, चमड़े और फुटवियर, प्लास्टिक और रबर उत्पादों, ऑर्गेनिक केमिकल्स, होम डेकोर, कारीगरों के उत्पादों और चुनिंदा मशीनों जैसे अहम सेक्टरों में बड़ा बाजार मिलेगा.
‘किसानों के हितों को सुरक्षित रखा गया’
सोशल मीडिया पोस्ट में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि कृषि और भारतीय किसानों के हितों को सुरक्षित रखा गया है. उन्होंने पोस्ट में लिखा कि एग्रीकल्चर और डेयरी प्रोड्क्टस जैसे – मक्का, गेहूं, चावल, सोयाबीन, पोल्ट्री उत्पाद, दूध, पनीर, इथेनॉल, तंबाकू, कुछ सब्जियां, मांस प्रोडक्ट जैसे संवेदनशील उत्पाद को किसानों और ग्रामीण आजीविका के हित में सुरक्षित रखा गया है.
ये भी पढ़ें: Pariksha Pe Charcha 2026: स्किल या मार्क्स…छात्रों के भविष्य के लिए क्या है ज्यादा जरूरी? जानिए पीएम मोदी ने क्या कहा
भारत-यूएस अंतरिम ट्रेड डील के मुख्य बिंदु क्या है?
- इस अंतरिम फ्रेमवर्क के तहत भारत, अमेरिका के इंडस्ट्रियल गुड्स और फूड एवं एग्रीकल्चर प्रोडक्ट पर टैरिफ हटाने और कम करने पर सहमत हुआ है. इनमें सूखे अनाज, पशु आहार, ज्वार, सूखे मेवे, प्रोसेस्ड फ्रूट, सोयाबीन तेल, शराब और स्पिरिट शामिल है.
- इस अंतरिम डील के तहत अमेरिका भी भारत से 18 फीसदी टैरिफ हटाएगा. इसमें कपड़ा, चमड़ा और जूते, प्लास्टिक और रबर, कार्बनिक केमिकल, होम डेकोर, हैंडलूम प्रोडक्ट और मशीनरी शामिल है.
- भारत ने अगले पांच सालों में अमेरिका से 500 बिलियन डॉलर का सामान खरीदने के लिए कहा है. इनमें एनर्जी उत्पाद, विमान और उसके कलपुर्जे, कीमती धातु, कोयला आदि.
- अमेरिका, कई भारतीय उत्पादों से टैरिफ हटाएगा जिनमें मेडिसिन, रत्न, डायमंड्स और विमान के पुर्जे शामिल हैं.
- इस समझौते का मुख्य लक्ष्य नॉन-टैरिफ बाधाओं को दूर करना है.