Ambikapur News: अंबिकापुर में बिजली कटौती पर महापौर का अल्टीमेटम, अधिकारियों को लगाई फटकार, बोलीं- ‘घाघ हो गए हैं’
अधिकारियों के साथ महापौर की बैठक हुई
Mayor’s Anger on Officials: अंबिकापुर शहर में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर नगर निगम की महापौर मंजूषा भगत ने बिजली कंपनी के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़ा नाराजगी जताई है. शहरभर से मिल रही शिकायतों के बाद नगर निगम में बुलाई गई समीक्षा बैठक में महापौर ने अधिकारियों और ठेकेदारों को जमकर फटकार लगाई. उन्होंने दो टूक कहा कि यदि जल्द बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो मामले की शिकायत सीधे मुख्यमंत्री से की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों को हटाने की अनुशंसा भी की जाएगी.
अघोषित बिजली कटौती पर जनता का फूटा गुस्सा
बैठक में महापौर ने कहा कि नगर निगम के पार्षदों को रोजाना अपने-अपने वार्डों से अघोषित बिजली कटौती की शिकायतें मिल रही हैं. गर्मी के मौसम में लोगों ने लंबे समय तक बिजली संकट झेला और अब मौसम बदलने के बाद भी हालात जस के तस बने हुए हैं. इससे लोगों में बिजली कंपनी के प्रति नाराजगी लगातार बढ़ रही है.
‘सुधर जाओ वरना हटवा दूँगी’
महापौर ने अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते हुए कहा कि “आप लोग बड़े घाघ हो गए हैं. जनता परेशान है, लेकिन आपकी कार्यशैली में कोई सुधार दिखाई नहीं दे रहा. अब व्यवस्था सुधार लीजिए, नहीं तो मुख्यमंत्री से शिकायत कर आपको यहां से हटवाने की कार्रवाई कराई जाएगी.”
उन्होंने कहा कि लगातार बिजली कटौती का असर केवल घरेलू उपभोक्ताओं तक सीमित नहीं है, बल्कि नगर निगम की पेयजल आपूर्ति व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है. कई वार्डों में समय पर पानी की सप्लाई नहीं हो पा रही, जिससे नागरिकों को बिजली और पानी दोनों की समस्या का सामना करना पड़ रहा है.
महापौर को चाहिए सीधा सुधार
बैठक में बिजली कंपनी के अधिकारियों ने तकनीकी कारणों और रखरखाव कार्यों का हवाला देते हुए जल्द व्यवस्था सुधारने का आश्वासन दिया. हालांकि महापौर ने स्पष्ट कर दिया कि अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि धरातल पर सुधार दिखाई देना चाहिए. यदि स्थिति नहीं बदली तो नगर निगम इस पूरे मामले को राज्य सरकार के समक्ष उठाएगा.
निगम और बिजली कंपनी आमने-सामने
शहर में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर अब नगर निगम और बिजली कंपनी आमने-सामने नजर आ रहे हैं. ऐसे में आने वाले दिनों में बिजली व्यवस्था में सुधार होता है या विवाद और बढ़ता है, इस पर शहरवासियों की नजर बनी हुई है.