Dhirendra Shastri: बागेश्वर बाबा के बयान पर मुस्लिम धर्मगुरुओं ने आपत्ति जताई है. ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के मौलाना शहाबुद्दीन ने बागेश्वर बाबा के बयान को आपत्तिजनक बताते हुए नफरती करार दिया है.
Haryana Assembly Elections 2024: हरियाणा के बहादुरगढ़ में चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने न सिर्फ पीएम नरेंद्र मोदी के बनाए ढांचे पर सवाल दागे बल्कि रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरमैन मुकेश अंबानी के बेटे की शादी का जिक्र भी किया.
जिओ टीवी के पत्रकार इरफान सिद्दीकी ने नाइक से सवाल किया कि क्या भारतीय मुसलमानों को गोमांस पर लगे प्रतिबंध का सम्मान करना चाहिए.
इस मामले में 25 सितंबर को FIR दर्ज की गई थी और 26 सितंबर को SIT का गठन कर जांच शुरू की गई. लेकिन जांच के बीच आंध्र प्रदेश सरकार को तब आलोचना का सामना करना पड़ा जब सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि तिरुपति मंदिर में लड्डू बनाने के लिए मिलावटी घी के उपयोग के आरोपों का कोई ठोस आधार नहीं है.
Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अगर एफआईआर दर्ज हो जाए तो कोई शख्स आरोपी है या दोषी, यह बुलडोजर एक्शन का आधार नहीं हो सकता है. इतना ही नहीं कोर्ट ने यह भी कहा कि अवैध निर्माण साबित होने पर वैकल्पिक व्यवस्था करने के लिए कुछ वक्त दिया जाना चाहिए.
Haryana Assembly Election 2024: हरियाणा में सत्ता विरोधी भय ने बीजेपी को फिर से रणनीति बनाने पर मजबूर कर दिया. बिलबोर्ड और ऑनलाइन दोनों जगह बीजेपी के पोस्टरों पर आम महिला और पुरुष के चेहरे हैं.
हमले की जानकारी फैलने के बाद रोड शो को तुरंत रोक दिया गया. दुष्यंत चौटाला और चंद्रशेखर आजाद भी रथ से उतरकर कार्यकर्ताओं के बीच पहुंच गए. जैसे ही यह खबर फैली, पार्टी के कार्यकर्ता मौके पर जुटने लगे.
Haryana Assembly Election 2024: हरियाणा कांग्रेस ने चुनाव आयोग को एक पत्र लिखी है, जिसमें कहा गया है कि डेरा सच्चा सौदा का प्रमुख राम रहीम जेल से बाहर आया तो चुनाव को प्रभावित कर सकता है.
लद्दाख के लोग लंबे समय से छठी अनुसूची में शामिल होने, स्वायत्तता, और राज्य का दर्जा पाने की मांग कर रहे हैं. 2019 से जब लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश का दर्जा मिला, तब से यह मुद्दा उठता रहा है. केंद्र सरकार ने हाल ही में लद्दाख में नए जिलों की घोषणा की थी, लेकिन स्थानीय लोगों में इस संबंध में निराशा बनी हुई है.
Upendra Dwivedi: आर्मी चीफ ने कहा, 'चीन आर्टिफिशियल बस्तियां बसा रहा है. कोई बात नहीं. वह उनके देश में चाहे जो करें. लेकिन हम साउथ चाइन सी में जो देखते हैं और ग्रे जोन की बात करते हैं तो शुरुआत में हमें मछुआरे और ऐसे लोग मिलते हैं, जो सबसे आगे रहते हैं.