Rewa Idarhar Kadhi Recipe: मध्य प्रदेश का हर जिला और शहर अपनी खास पहचान के लिए जाना जाता है. एमपी का एक ऐसा ही जिला रीवा है, जो अपने स्पेशल खान-पान के लिए जाना जाता है. विंध्य क्षेत्र में इदरहर की कढ़ी एक बेहद प्रसिद्ध, पारंपरिक और शाही व्यजन है. यह पारंपरिक व्यंजन सिर्फ विंध्य क्षेत्र में ही बनाया जाता है. इदरहर की कढ़ी खाने में बहुत ही स्वादिष्ट होती है. लोग इसे बड़े चाव से खाते हैं. आइए जानते हैं कि विंध्य क्षेत्र के इस पॉपुलर व्यंजन को घर पर कैसे तैयार करें.
Karwa Chauth Red Chooda Set: इस साल करवा चौथ का व्रत 29 अक्तूबर 2026 को है. इस पवित्र त्योहार के दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए निर्जला व्रत रखती हैं. करवा चौथ के दिन सुहागिन महिलाएं सोलह शृंगार करती हैं, जिसमें वे हाथों में चूड़ियां भी पहनती हैं. इन चूड़ी सेट को खरीदने के लिए अक्सर महिलाएं मार्केट में ज्यादा पैसे खर्च कर देती हैं, लेकिन फिर भी उन्हें मनपसंद चूड़ी सेट या कंगन नहीं मिल पाते हैं. लेकिन हम आपको एक ऐसे बाजार के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां आपको बहुत ही कम कीमत में बेहतरीन ब्राइडल लुक वाले कंगन और चूड़ियां मिल जाएंगी. आइए जानते हैं उस किफायती शहर के बारे में.
Daily Habits For Stronger Hair: बदलते मौसम, पॉल्यूशन और डाइट की वजह से हेयरफॉल की समस्या से हर कोई जूझ रहा है. झड़ते और टूटते बालों को मजबूत बनाने के लिए लोग महंगे शैंपू, सीरम या हेयर ट्रीटमेंट कराते हैं, लेकिन बालों को बढ़ाने और इन्हें मजबूत बनाने के लिए आपकी डेली रूटीन की छोटी-छोटी आदतें भी बहुत असर डालती हैं. आज हम आपको ऐसी ही कुछ आदतें और घरेलू उपाय बताएंगे जिनसे आप अपने बालों को झड़ने और टूटने से बचा सकते हैं.
Healthy Falahari Dishes for Navratri Fast: नवरात्रि व्रत के दौरान थकान और कमजोरी से बचने के लिए अपनी डाइट में उन चीजों को शामिल करें जो प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी कार्ब्स से भरपूर हो ताकि आपको थकान और कमजोरी न लगे. आज हम आपको ऐसी ही कुछ हेल्दी फलाहारी डिशेज के बारे में बताएंगे जो आपको व्रत में भरपूर एनर्जी देंगे.
चेहरे पर गुलाब जल सुबह या रात, दोनों समय लगाया जा सकता है. सही प्रोडक्ट, पैच टेस्ट और जलन होने पर इस्तेमाल बंद करना जरूरी है. बेहतर स्किन के लिए केवल गुलाब जल पर निर्भर न रहें, बल्कि क्लीजिंग, मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन को दिनचर्या में शामिल करें.
Plant Growing From Single Leaf: गांव के लोग हों या शहर के, हर कोई अपने घर में छोटे-छोटे पौधे लगाना पसंद करता है. ये पौधे जितने खूबसूरत लगते हैं, उतने ही सेहत के लिए फायदेमंद भी होते हैं. क्योंकि ये पौधे शुद्ध हवा देते हैं और घर का वातावरण साफ रखते हैं. लेकिन इन पौधों के बीज मार्केट में काफी महंगे मिलते हैं, जिस वजह से लोग इन्हें खरीद नहीं पाते. अब आपको डंठल या बीज से पौधे तैयार करने की जरूरत नहीं है, बल्कि आप सिर्फ एक पत्ते से ही नया पौधा तैयार कर सकते हैं. आइए जानते हैं कैसे.
Best Places To Visit In October: अक्टूबर का महीना घूमने के लिए काफी अच्छा माना जाता है, क्योंकि इस दौरान मौसम सुहाना होने लगता है. इस महीने कई छुट्टियां और लॉन्ग वीकेंड पड़ रहे हैं, ऐसे में आप घूमने का प्लान बना सकते हैं. 2 अक्टूबर की छुट्टी के साथ आप 3 से 5 दिन की ट्रिप प्लान कर सकते हैं. अगर आप कम समय में अच्छी जगह घूमना चाहते हैं तो इन पांच जगहों को अपनी लिस्ट में शामिल कर सकते हैं.
Ganesh Visarjan Prasad Modak Option: अनंत चतुर्दशी के दिन गणपति बप्पा को विदाई देने से पहले भक्त उनके लिए अलग-अलग तरह के प्रसाद तैयार करते हैं. गणेश विसर्जन के मौके पर घर में आसानी से बनने वाली मिठाइयां और पारंपरिक पकवान बनाए जा सकते हैं. भगवान गणेश को मोदक प्रिय माना जाता है, इसलिए प्रसाद में मोदक जरूर शामिल किए जाते हैं. इसके अलावा लड्डू, पूरण पोली, पंचामृत और फल भी बप्पा को भोग में अर्पित किए जा सकते हैं.
Seasonal Viral Fever Prevention Tips: मानसून अभी पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ है. कभी बारिश तो कभी धूप, मौसम के इस अचानक बदलाव के चलते शरीर कई तरह की बीमारियों की चपेट में आने लगता है. वातावरण में अचानक होने वाले इस परिवर्तन से सर्दी-जुकाम, गले में खराश, खांसी, बुखार और वायरल संक्रमण के मरीज काफी बढ़ जाते हैं. इन बीमारियों की वजह से शरीर बहुत कमजोर हो जाता है और किसी भी काम में मन नहीं लगता है. ऐसे में आइए जानते हैं कि इन मौसमी बीमारियों से खुद का बचाव कैसे करें.
menstrual traditions in India: महिलाओं को पीरियड्स आना एक नेचुरल प्रोसेस है. हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, लड़कियों को पहली बार पीरियड्स आमतौर पर 10 से 15 वर्ष की उम्र के बीच आने शुरू होते हैं. आज के दौर में भी अगर पहली बार किसी लड़की को पीरियड्स आ जाएं, तो वह अपने घर वालों को बताने से डरती है और खुलकर बात नहीं कर पाती है. वहीं आज के समाज में भी लोग पीरियड्स जैसे शब्द को बोलने में सकुचाते हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि देश के कुछ इलाकों में ऐसे भी लोग और समाज हैं, जहां अगर किसी लड़की को पहली बार या महिलाओं को पीरियड्स आते हैं, तो इस अवसर को एक त्योहार की तरह सेलिब्रेट किया जाता है. आइए जानते हैं कि किन जगहों पर पीरियड्स होने पर जश्न मनाया जाता है.