CG News: प्रदर्शन के बाद कांग्रेस और पुलिस अफसरों में बनी सहमति, CM साय के ‘पत्थरबाज’ वाले बयान पर फिर गरमाई सियासत

CG Politics: छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का तीन दिनों से लगातार प्रदर्शन चल रहा है.कांग्रेस मुख्यालय का घेराव को लेकर शुरु हुआ विवाद कांग्रेसियों पर एफआईआर और बाद में थाने में दो दिनों के प्रदर्शन तक पहुंचा. दूसरी ओर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कांग्रेसियों की तुलना कश्मीर के पत्थरबाजों से कर दी.
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सीएम विष्णु देव साय और कांग्रेसी

CG Politics: छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का तीन दिनों से लगातार प्रदर्शन चल रहा है.कांग्रेस मुख्यालय का घेराव को लेकर शुरु हुआ विवाद कांग्रेसियों पर एफआईआर और बाद में थाने में दो दिनों के प्रदर्शन तक पहुंचा. दूसरी ओर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कांग्रेसियों की तुलना कश्मीर के पत्थरबाजों से कर दी. इसे लेकर अब खूब सियासत हो रही है.

प्रदर्शन के बाद कांग्रेस और पुलिस अफसरों में बनी सहमति

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन के घेराव काे लेकर शुरु हुआ विवाद थमता नजर नहीं आ रहा है. राजीव भवन घेराव के दौरान हुई पत्थरबाजी को लेकर पुलिस ने 12 कांग्रेसियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया था. इसके विरोध में कांग्रेस ने खम्हारडीह थाने में प्रदर्शन शुरु कर दिया था.पुलिस अफसरों के साथ कांग्रेसियों की तीखी बहस भी हुई.आधी रात होते होते कांग्रेस ने अनिश्चितकालीन प्रदर्शन की घोषणा कर दी.17 घंटों तक पीसीसी चीफ दीपक बैज के नेतृत्व में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया.शुक्रवार सुबह कांग्रेसियों की पुलिस अफसरों के साथ बातचीत में सहमति बनी.

CM साय ने कश्मीर के पत्थरबाजों से तुलना की कांग्रेसियों की तुलना

कांग्रेसियों की पत्थरबाजी और थाने में प्रदर्शन को लेकर सियासत भी हो रही है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांग्रेस के प्रदर्शन की कश्मीर के पत्थरबाजों से तुलना की.उन्होंने कहा कि कांग्रेस के लोग कश्मीर के पत्थरबाजों की तरह हाे गए हैं.कानून हाथ पर लेने वालों के खिलाफ कार्रवाई तो होगी ही.दूसरी ओर कांग्रेस ने अपना प्रदर्शन खत्म करते हुए एक सप्ताह का समय दे दिया है.पीसीसी चीफ दीपक बैज ने कहा कि तीन बिंदुओं पर सहमति बनी है.अगर मांगें नहीं मानी गई, तो फिर प्रदर्शन करेंगे.

प्रदेश में जमकर हो रही सियासत

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस मुख्यालय का घेराव को लेकर तीन दिन से सियासत हो रही थी. पीसीसी चीफ दीपक बैज ने 17 घंटे लगातार थाने में प्रदर्शन कर एक तरफ जहां पुलिस पर दबाव बनाया. वहीं अपने कार्यकर्ताओं को साथ होने का भरोसा भी दिलाया. शिवनंदनपुर के बाद दूसरी बार कांग्रेस के दबाव में एफआईआर भी दर्ज की जा रही है. फिलहाल तो पुलिस प्रशासन ने कांग्रेसियों को भरोसा दिलाया है, लेकिन सप्ताहभर के भीतर क्या कार्रवाई होती है और इससे कांग्रेस कितना संतुष्ट होती है, इस पर सबकी निगाहें होगी.

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