MP Budget 2026: सिंहस्थ के लिए सरकार ने खोला खजाना, उज्जैन कुंभ 2028 से पहले इतने हजार करोड़ रुपये होंगे खर्च

MP Budget 2026: प्रदेश के बजट में सिंहस्थ 2028 के लिए मोहन सरकार की तरफ से 13 हजार 851 करोड़ रुपए का प्रावधान प्रस्तावित किया गया है. वित्त मंत्री ने लक्ष्य तय किया है कि वित्त वर्ष 2026-27 में ही सिंहस्थ से जुड़े हुए सभी बडे़ काम पूरे कर लिए जाए.
Ujjain Simhasth 2028

Ujjain Simhasth 2028

MP Budget 2026: आज 18 फरवरी को मोहन यादव सरकार के कार्यकाल का तीसरा बजट पेश किया गया. इस बजट में मध्यप्रदेश के उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ 2028 के लिए राज्य सरकार ने बड़ी घोषणा की है. इस धार्मिक आयोजन के बुनियादी ढांचे और सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए प्रदेश सरकार ने खजाना खोल दिया है. सरकार ने बजट के दौरान ऐलान किया है कि उज्जैन कुंभ 2028 से पहले 13,851 करोड़ विकास कार्य में खर्च किए जाएंगे. गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने अपने बजट में सिंहस्थ के लिए अलग से किसी भी राशि का आवंटन नहीं किया था.

मोहन सरकार की तरफ से 13 हजार 851 करोड़ रुपए का प्रावधान प्रस्तावित

वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बजट पेश करते हुए उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ 2028 के लिए बड़ी घोषणा की है. वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि इस आयोजन के लिए मोहन सरकार की तरफ से 13 हजार 851 करोड़ रुपए का प्रावधान प्रस्तावित है. जिसके तहत सिंहस्थ के काम होंगे. वित्त मंत्री ने बताया कि उज्जैन इंदौर सिक्स लेन ग्रीन फील्ड हाईवे इसी के तहत किया जा रहा है. इसके अलावा उज्जैन सिंहस्थ के दूसरे काम भी इसी राशि के तहत होंगे.

वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने ये लक्ष्य रखा है कि सिंहस्थ 2027 से जुड़े सभी बड़े निर्माण कार्य वित्त वर्ष 2026-27 में ही पूरे कर लिए जाए.

इसी पैसे में इन तीन सड़कों का होगा काम

  1. इंदौर-उज्जैन 6 लेन मार्ग: यातायत को सुगम बनाने के लिए इस मार्ग के चौड़ीकरण पर 1, 164 करोड़ खर्च किए जाएंगे.
    1. इंदौर-उज्जैन ग्रीनफील्ड हाईवे: एक नए आधुनिक सफर के लिए 1,370 करोड़ की लागत से ग्रीनफील्ड हाईवे का निर्माण होगा.
    2. उज्जैन बायपास मार्ग:शहर के भीतर ट्रैफिक के दबाव को कम करने के लिए 701 करोड़ की लागत से बायपास बनाया जाएगा.

    कब होगा सिंहस्थ का आयोजन

    अगल सिंहस्थ यानी कि कुंभ मेला उज्जैन में 27 मार्च 2028 से शुरू होकर 27 मई 2028 तक चलने वाला है. ये आयोजन पूरे दो महीने तक चलेगा, जिसमें शाही स्नान 9 अप्रैल से 8 मई 2028 के बीच आयोजित किए जाएंगे. ये आयोजन शिप्रा नहीं के किनारे महाकाल की नगरी उज्जैन(मध्य प्रदेश) में होगा. राज्य की मोहन सरकार ने अनुमान लगाया है कि करीब 14 करोड़ श्रद्धालु सिंहस्थ में हिस्सा लेने के लिए उज्जैन पहुंच सकते हैं. ऐसे में सड़क, पुल और बिजली जैसी व्यवस्था को बेहतर करने के लिए अधिकारियों को बहुत मेहनत करनी होगी.

    ये भी पढ़ें- MP Budget 2026: मध्य प्रदेश के युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी, 15 हजार शिक्षकों की होगी भर्ती, बजट में हुआ ऐलान

    ज़रूर पढ़ें