आम आदमी पार्टी ने हरियाणा में साथ मिलकर चुनाव लड़ा था. 'आप' के खाते में मात्र कुरुक्षेत्र सीट आई थी लेकिन यहां भी उसे हार का सामना करना पड़ा, जबकि कांग्रेस पांच सीटें जीतने में सफल रही.
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार को लेकर दस जून को समीक्षा बैठक बुलाई गई है. बैठक में कांग्रेस के हार के कारणों पर मंथन किया जाएगा.
कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक होटल अशोक में सुबह 11 बजे शुरू होगी. वहीं, इसके बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता दोपहर 1 बजे प्रेस वार्ता करेंगे.
MP News: मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव हारने के बाद नेताओं पर निशानेबाजी शुरू हो गई है. प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार, राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह, पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ पर कार्यकर्ताओं और नेताओं ने हार का ठीकरा फोड़ दिया है. जल्द ही सभी नेताओं और लोकसभा चुनाव में उतरे दिग्गजों को दिल्ली से तलब किया जा सकता है.
Stock Market Crash: एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए राहुल ने कहा कि पीएम ने पहले 19 मई और फिर 28 मई को कहा कि शेयर बाजार 4 जून को सभी रिकॉर्ड तोड़ देगा तो गृह मंत्री ने कहा 4 जून से पहले शेयरों की खरीदारी कर लें शेयर बाजार नया हाई बनाएगा.
Lok Sabha Election 2024: दिल्ली कांग्रेस के अंतरिम अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने मीडिया से बात करते हुए आप-कांग्रेस गठबंधन पर बात की. इस दौरान उन्होंने बताया कि क्या गलत हुआ, क्या अरविंदर सिंह लवली के जाने से चुनाव नतीजों पर असर पड़ा?
MP News: लोकसभा चुनाव में मध्य प्रदेश के साथ-साथ ग्वालियर चंबल अंचल में कांग्रेस को बुरी तरह हर का सामना करना पड़ा है. इसी ग्वालियर चंबल अंचल में कांग्रेस अपने आपको सबसे अधिक मजबूत मान रही थी वहां पर वह एक भी सीट नहीं जीत पाई. कांग्रेस की हार के पीछे नेताओ में आपसी गुटबाजी और टिकिटो को लेकर नाराजगी हार की प्रमुख वजह मानी जा रही है.
भाजपा फिर से सत्ता में आई तो नेता और कार्यकर्ता हताश हो गए. पार्टी ने कमल नाथ को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से हटा दिया और उनकी जगह 27 साल छोटे जीतू पटवारी को नियुक्त किया.
MP News: लोकसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद देश में राजनीतिक हलचल बढ़ गयी है. आज शाम को एनडीए ओर इंडिया गठबंधन की बैठक होने जा रही है जिसमे शामिल होने के लिए दोनों ही गठबंधन दलों के नेता दिल्ली पहुंच रहे हैं.
Lok Sabha Election Results: इंडिया को पूर्वांचल क्षेत्र की 21 में से 12 सीटों पर सफलता मिली हैं. 2019 में यहां भाजपा की अगुवाई वाली एनडीए ने एक बड़ी लकीर खींची थीं.