जैसे ही किराए में इस बेतहाशा वृद्धि की खबरें सामने आईं, यह मुद्दा राजनीतिक रूप से भी गरमा गया. आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने इसे श्रद्धालुओं की आस्था का मजाक करार दिया. उन्होंने कहा, "जो किराया पहले 5,000-8,000 रुपये के बीच था, वही अब 50,000-60,000 रुपये तक पहुंच गया है.