MP News: इंदौर-शारजाह सीधी उड़ान पर फिर मंडराया संकट, एयर इंडिया एक्सप्रेस ने बुकिंग सिस्टम से हटाया रूट
शारजाह-इंदौर एयर इंडिया एक्सप्रेस फ्लाइट
MP News: मध्य प्रदेश से संचालित होने वाली इंदौर-शारजाह सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान को लेकर यात्रियों की उम्मीदों को एक बार फिर झटका लगा है. एयर इंडिया एक्सप्रेस ने इस रूट को अपने बुकिंग सिस्टम से पूरी तरह हटा दिया है. कंपनी ने पहले घोषणा की थी कि 28 फरवरी से बंद यह सेवा 1 जुलाई 2026 से दोबारा शुरू की जाएगी और इसके लिए टिकट बुकिंग भी शुरू कर दी गई थी. हालांकि अब जुलाई ही नहीं, आने वाले महीनों के लिए भी यह उड़ान एयरलाइन के पोर्टल पर उपलब्ध नहीं है.
फिलहाल बहाली के संकेत नहीं
एविएशन क्षेत्र से जुड़े सूत्रों के मुताबिक फिलहाल एयरलाइन की इस रूट पर उड़ान दोबारा शुरू करने की कोई तत्काल योजना दिखाई नहीं दे रही है. ऐसे में इंदौर और मालवा-निमाड़ क्षेत्र के यात्रियों के सामने विदेश यात्रा को लेकर नई चुनौतियां खड़ी हो गई हैं.
यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें
यह उड़ान सिर्फ यूएई जाने वाले यात्रियों के लिए ही नहीं, बल्कि खाड़ी देशों और अन्य अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों तक कनेक्टिंग फ्लाइट्स के जरिए पहुंचने वाले लोगों के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण थी. सेवा बंद होने से इंदौर के साथ-साथ भोपाल, उज्जैन, देवास, रतलाम और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को अब दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे बड़े शहरों के एयरपोर्ट्स पर निर्भर रहना पड़ रहा है.
बार-बार टलती रही शुरुआत
गौरतलब है कि पश्चिम एशिया में पैदा हुए तनावपूर्ण हालातों के बाद एयर इंडिया एक्सप्रेस ने 28 फरवरी से इस उड़ान का संचालन रोक दिया था. बाद में एयरलाइन ने सप्ताह में चार दिन उड़ान संचालित करने का नया कार्यक्रम जारी किया और जुलाई से बुकिंग भी शुरू कर दी थी. इससे यात्रियों और ट्रैवल एजेंट्स को उम्मीद जगी थी कि सेवा जल्द बहाल होगी, लेकिन अब पूरे रूट के सिस्टम से गायब हो जाने से निराशा बढ़ गई है.
भरोसे को लगा झटका
ट्रैवल इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि एयरलाइन द्वारा बार-बार बुकिंग शुरू करने और फिर उड़ान की तारीख आगे बढ़ाने से यात्रियों का भरोसा प्रभावित हुआ है. कई लोगों को टिकट रद्द होने, रिफंड और यात्रा योजनाओं में बदलाव जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ा. यही कारण है कि बाद में शुरू हुई बुकिंग को भी अपेक्षित प्रतिक्रिया नहीं मिली.
व्यापार और कनेक्टिविटी पर असर
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि लंबे समय तक यह रूट बंद रहता है तो इंदौर एयरपोर्ट की अंतरराष्ट्रीय पहचान और कनेक्टिविटी पर असर पड़ सकता है. इससे भविष्य में अन्य विदेशी उड़ानों की संभावनाएं भी प्रभावित होंगी. वहीं, व्यापारिक गतिविधियों से जुड़े लोगों को अतिरिक्त समय और खर्च वहन करना पड़ेगा, जिसका सीधा असर क्षेत्र के अंतरराष्ट्रीय कारोबार पर भी पड़ सकता है.