‘भांजी ने अपने जीजा के प्रभाव में आकर आरोप लगाए’, दतिया में अतुल दीक्षित ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके दी सफाई
भांजी के आरोपों का जवाब देते अतुल दीक्षित.
Input- निशांत तिवारी
MP News: दतिया में मामा-भांजी का पारिवारिक विवाद अब सार्वजनिक हो गया है. अपनी ही भांजी द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद मामा अतुल दीक्षित ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सभी आरोपों को निराधार बताया. उन्होंने दावा किया कि माता-पिता के निधन के बाद उन्होंने अपनी भांजी को अपने घर में रखकर पढ़ाया-लिखाया, उसकी परवरिश की. अब उन्होंने अपनी जान को खतरा बताते हुए भांजी के जीजा पर गंभीर आरोप लगाए हैं.
‘जीजा के प्रभाव में आकर लगाए आरोप’
दतिया में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अतुल दीक्षित ने कहा कि भांजी के माता-पिता के निधन के बाद उन्होंने उसे अपने परिवार के सदस्य की तरह रखा. शिक्षा दिलाई और आत्मनिर्भर बनाया. उनका कहना है भांजी अपने जीजा के प्रभाव में आ गई और उन पर गंभीर आरोप लगा दिए.
‘परिवार पर हमला हुआ तो भांजी के जीजा की होगी जिम्मेदारी’
अतुल दीक्षित ने बताया कि भांजी की शिकायत के बाद उन्होंने भी पुलिस को लिखित आवेदन देकर अपना पक्ष रखा है. उन्होंने आरोप लगाया कि भांजी के जीजा मुन्नू गुबरेले अवैध गतिविधियों में संलिप्त हैं और उन्हीं की वजह से उन्हें तथा उनके परिवार को जान का खतरा है.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि यदि भविष्य में उन्हें या उनके परिवार के किसी सदस्य को कोई नुकसान होता है, तो इसकी जिम्मेदारी मुन्नू गुबरेले की होगी. साथ ही उन्होंने पुलिस प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और सुरक्षा की मांग की है.
भांजी ने मामा पर लगाए थे गंभीर आरोप
भांजी ने अपने मामा अतुल दीक्षित पर गंभार आरोप लगाए थे. भांजी ने कहा था कि आरोपी मामा अतुल दीक्षित ने साल 2011 में मां की मौत के बाद उनकी हर महीने आने वाली लाखों रुपये की पेंशन हड़क ली. भांजी ने कहा था कि वह उस वक्त छोटी थी, इसलिए अपना भला-बुरा नहीं समझती थी. मामा शराब पीकर शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करता रहे.
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