सरगुजा से लेकर बस्तर तक फैलेगा रेल नेटवर्क का जाल! CM विष्णुदेव साय ने रेल मंत्री से की मुलाकात
सीएम विष्णुदेव साय ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात की
CG News: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ में प्रमुख रेल परियोजनाओं को गति देने के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से विस्तृत चर्चा की. सीएम ने कहा कि रेल नेटवर्क का विस्तार राज्य के संतुलित और समावेशी विकास का मजबूत आधार बनेगा. इस मौके पर केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू और राजनांदगांव लोकसभा क्षेत्र के सांसद संतोष पांडे उपस्थित रहे.
बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश के औद्योगिक, खनिज एवं कृषि दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण राज्यों में से एक है. प्रदेश में रेलवे नेटवर्क का विस्तार केवल यातायात सुविधा का विषय नहीं, बल्कि औद्योगिक विकास, व्यापार, पर्यटन, कृषि विपणन, जनजातीय अंचलों के विकास तथा क्षेत्रीय संतुलित प्रगति से भी जुड़ा हुआ है.
आज नई दिल्ली में माननीय केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव जी से भेंट के दौरान छत्तीसगढ़ में रेलवे अधोसंरचना के विस्तार एवं लंबित रेल परियोजनाओं के संबंध में विस्तृत एवं सकारात्मक चर्चा हुई।
— Vishnu Deo Sai (@vishnudsai) July 30, 2026
चर्चा में कटघोरा-डोंगरगढ़ नई रेलवे लाइन परियोजना को रेल मंत्रालय एवं छत्तीसगढ़ शासन… pic.twitter.com/s5ZC4FBFgy
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में रेल अधोसंरचना के अभूतपूर्व विस्तार का लाभ छत्तीसगढ़ को भी मिल रहा है और राज्य सरकार इस दिशा में केंद्र सरकार के साथ पूर्ण समन्वय के साथ कार्य कर रही है.
कटघोरा-डोंगरगढ़ रेल लाइन पर चर्चा
बैठक में बताया गया कि लगभग 295 किलोमीटर लंबी इस महत्वाकांक्षी रेल परियोजना का विकास रेल मंत्रालय और छत्तीसगढ़ शासन के संयुक्त उपक्रम (ज्वाइंट वेंचर) के माध्यम से किया जाएगा. इसके लिए दोनों संस्थाओं की साझेदारी में एक स्पेशल पर्पज व्हीकल (SPV) का गठन किया जाएगा.
किन शहरों को मिलेगा लाभ?
यह रेल लाइन कटघोरा से करतला, मुंगेली, कवर्धा और खैरागढ़ होते हुए डोंगरगढ़ तक पहुंचेगी तथा ऐसे अनेक क्षेत्रों को पहली बार रेलवे नेटवर्क से जोड़ेगी, जहां अब तक रेल सुविधा उपलब्ध नहीं है. मुख्यमंत्री ने कहा कि इस परियोजना से क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी, उद्योगों को प्रोत्साहन मिलेगा तथा लाखों नागरिकों को बेहतर आवागमन की सुविधा प्राप्त होगी.
रावघाट-जगदलपुर रेल लाइन की समीक्षा
मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग 140 किलोमीटर लंबी इस महत्वपूर्ण रेल लाइन के लिए भूमि अधिग्रहण की आवश्यक कार्यवाही पूरी की जा चुकी है तथा रेलवे द्वारा निविदा प्रक्रिया अंतिम चरण में है. उन्होंने अपेक्षा व्यक्त की कि निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ होने से बस्तर अंचल की कनेक्टिविटी मजबूत होगी और क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को नई दिशा मिलेगी.
मुख्यमंत्री साय ने प्रदेश की तीन अन्य महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं – सरडेगा-पत्थलगांव-अंबिकापुर (244 किलोमीटर), धरमजयगढ़-पत्थलगांव-लोहरदगा (301 किलोमीटर) तथा अंबिकापुर-बरवाडीह (200 किलोमीटर) को शीघ्र स्वीकृति प्रदान करने का अनुरोध किया. उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से उत्तर छत्तीसगढ़ सहित सीमावर्ती क्षेत्रों की रेल संपर्क व्यवस्था सुदृढ़ होगी. व्यापार, पर्यटन, खनिज परिवहन और स्थानीय रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे.