आज कार्यक्षेत्र में आपके ऊपर काम का दबाव अधिक रहने से आप थोड़ा परेशान रहेंगे। बिजनेस कर रहे लोगों को उनकी मेहनत का फल मिलेगा, जिससे वह अच्छा लाभ कमाएंगे।
सावन का महीना भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है. मान्यता है कि इस दौरान भगवान शिव धरती पर ही वास करते हैं और भक्तों की प्रार्थनाएं सीधे सुनते हैं. इसलिए सावन के सोमवार का विशेष महत्व है, और इस दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु व्रत रखकर भगवान शिव की उपासना करते हैं.
अब मान लीजिए, किसी ने जिद की और इस चातुर्मास में ही शादी या गृह प्रवेश करवा लिया, तो क्या होगा? मान्यताओं के अनुसार, इन कार्यों का जो शुभ फल मिलना चाहिए, वह पूरा नहीं मिलता. जैसे, किसी व्यंजन में नमक कम हो, तो स्वाद नहीं आता.
इस बार 21 जून को एक खास संयोग भी बन रहा है. ज्योतिषियों के अनुसार, सूर्य और चंद्रमा के बीच 'मुष्का-सुषमा योग' बन रहा है, जो कृषि और ऊर्जा के संतुलन के लिए बेहद शुभ माना जाता है. इससे किसानों को भी फायदा होने की उम्मीद है.
Shani Jayanti 2025: हर साल ज्येष्ठ माह की अमावस्या तिथि पर शनि जयंती मनाई जाती है. इस दिन 'न्याय के देवता' भगवान शनि का जन्म हुआ था. इस साल 27 मई को देश भर में शनि जयंती मनाई जाएगी.
राम मंदिर का निर्माण काम 5 जून को पूरा हो जाएगा. इसके बाद परिसर में स्थित सभी मंदिरों को श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया जाएगा.
Ram Navami 2025: रामनवमी भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है. यह पर्व हर साल चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को मनाया जाता है. ये विशेष रूप से भारतीय समाज में बड़े धूमधाम से मनाया जाता है.
Chaitra Navratri 2025: कात्यायनी देवी को निर्भीकता और साहस की देवी माना जाता है. पौराणिक मान्यताओं के मुताबिक, कात्यायनी देवी का नाम कात्यायन ऋषि की पुत्री होने के कारण कात्यायनी पड़ा. कात्यायनी देवी को दुर्गा माता का छठवां अवतार माना जाता है.
Chaitra Navratri 2025: धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, मां कुष्मांडा की पूजा से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं. अगर आपके किसी भी काम में कोई भी बाधा आ रही हो तो मां कुष्मांडा की पूजा करने से वो दूर हो जाती है.
Chaitra Navratri 2025: मां चंद्रघंटा का रूप अत्यंत शांत, सौम्य और ममतामयी है. ये अपनी भक्तों पर दया बरसाती हैं. जो भी भक्त मां चंद्रघंटा की शरण में जाता है सुख-समृद्धि और शांति प्राप्त होती है. धार्मिक मान्यता के मुताबिक, मां चंद्रघंटा की पूजा से न केवल भौतिक सुख में वृद्धि होती है, बल्कि समाज में आपका प्रभाव भी बढ़ता है.