केदार कश्यप को अमित शाह से डांट क्यों पड़ी? विस्तार शिक्षा सम्मान समारोह में मंत्री ने सुनाया किस्सा
वन मंत्री केदार कश्यप
Vistaar Shiksha Samman: शिक्षा के क्षेत्र में शानदार कार्य करने वाली प्रतिभाओं का सम्मान करने और छत्तीसगढ़ की एजुकेशन के अलग-अलग आयामों के साथ उनके उपयोगी पहलुओं पर चर्चा करने लिए विस्तार न्यूज का मंच सजा. जगदलपुर में ‘विस्तार न्यूज शिक्षा सम्मान 2026’. यह विशेष कार्यक्रम ‘स्व. श्री बलिराम कश्यप’ की स्मृति में आयोजित किया गया. जिसमें वन मंत्री केदार कश्यप ने शिरकत की.
पूरा यकीन था कि नक्सलवाद खत्म होगा – केदार कश्यप
वन मंत्री केदार का सपना बताएगी हम लोग बचपन से सुनते थे की पूरा बस्तर पूरा देश नक्सलवाद की पीड़ा को झेल रहा था हमने कई साथियों को खोया है…. हमारे मन में पीड़ा होती थी कि यह कब खत्म होगा एक समय ऐसा लगा था कि जब सलवार सूट में चालू हुआ तब हमारे यहां से नक्सलवाद का खत्म हो जाएगा और हम सबके लिए सौभाग्य के विषय की हमारे राज्य में केंद्र में सरकार है और उसके बाद माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने और देश के गृह मंत्री अमित शाह ने जिन्होंने बस्तर ओलंपिक 2024 में इस बात की घोषणा की की आने वाले मार्च 2026 तक पूरे बस्तर से नक्सलवाद खत्म हो जाएगा.
केदार कश्यप को अमित शाह से डांट क्यों पड़ी?
वन मंत्री केदार कश्यप ने गृह मंत्री अमित शाह के साथ अपने किस्से को साझा किया. उन्होंने बताया कि एक बार जब किसी चुनाव प्रचार में गए थे तब प्रत्याशी वहां था ही नहीं. उस समय जब अमित शाह मंच पर पहुंचे तब उन्होंने हमारी ओर देखा. उनका आंखों से ऐसे देखने काफी था. हम समझ गए. इसके बाद प्रत्याशी को जैसे-तैसे लाया गया. केदार कश्यप ने बताया कि अमित शाह के साथ जितना भी समय बिताने मिले उसमे कुछ-कुछ सिखने को मिलता है.