Bastar News: जगदलपुर मेडिकल कॉलेज में आधुनिक ट्रॉमा सेंटर का लोकार्पण स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने किया. बस्तर में 90 सीटों पर पैरामेडिकल कोर्स, 100 बेड का मानसिक चिकित्सालय, अटल आरोग्य लैब में 136 फ्री जांचें और हर साल 3000 डॉक्टर तैयार करने का लक्ष्य घोषित किया गया.
Jagdalpur News: बस्तर संभाग के सात जिलों के 382 धान खरीदी केंद्रों में करीब 13 लाख 74 हजार मीट्रिक टन धान की खरीदी हुई थी.इसमें से मिलर्स करीब 13 लाख 46 हजार मीट्रिक टन धान का उठाव कर चुके हैं.लेकिन उठाव और भौतिक सत्यापन के बाद करीब 28 हजार मीट्रिक टन धान का अंतर सामने आया है.
Bastar News: शासकीय कार्यालयों पर 1.72 अरब रुपए से अधिक का बिजली बिल बकाया है. विद्युत कंपनी के डिस्कनेक्शन अभियान के तहत बस्तर संभाग के सातों जिलों में बकाया राशि के चलते अब तक 439 शासकीय कनेक्शन काटे जा चुके हैं. इन कनेक्शनों पर एक करोड़ 28 लाख 53 हजार 998 रुपए की राशि बकाया थी.
फलो का राजा आम तो आपने खाया ही होगा, लेकिन क्या आपको पता है कि अमेरिका में होने वाला फल, जिसे फलों की रानी कहा जाता है वो अब छत्तीसगढ़ में हो रही है.
Jagdalpur News: जगदलपुर में जिला प्रशासन, पुलिस और श्रम विभाग की संयुक्त टीम ने सिटी ग्राउंड के सामने हाउसिंग बोर्ड की निर्माणाधीन इमारत पर छापा मारकर 8 नाबालिग बालिकाओं को बाल श्रम से मुक्त कराया. सभी बस्तर जिले की रहने वाली हैं। ठेकेदार और निर्माण एजेंसी पर बाल श्रम निषेध कानून के तहत कार्रवाई होगी.
Bastar News: सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने संबंधित अधिकारियों को धान खरीदी प्रारंभ होने से पहले सभी नवीन केंद्रों में आवश्यक तैयारियां समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं. केंद्रों के लिए ऊंची एवं समतल भूमि का चयन करने तथा किसानों की सुविधा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा गया है.
Jhiram Ghati Attack: झीरम घाटी नक्सली हमले मामले में करीब 13 साल का इंतजार खत्म हो गया है. NIA कोर्ट ने सभी 10 नक्सलियों को दोषी माना है.
छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में जादू-टोने के शक में आरोपियों ने एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी. इतना ही नहीं सबूत मिटाने के लिए बॉडी को भी जला दिया. आइए जातने है कि कैसे जोगा मंडावी चढ़ा अंधविश्वास की बलि.
Kanker News: कभी घोर नक्सल प्रभावित रहे कांकेर के अंदरूनी क्षेत्रों में बदलाव की नई तस्वीर उभर रही है. नक्सल प्रभाव समाप्त होने के बाद पहली बार कलेक्टर कुंदन कुमार और जिला पंचायत CEO हरेश मंडावी देर रात 10 बजे कोयामुरी पहुंचे और जमीन पर बैठकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं. जहां कभी नक्सलियों की दहशत थी, वहां अब शिक्षा, स्वास्थ्य और विकास पर चर्चा हुई.
Kanker News: कांकेर जिले के अंदरूनी इलाके नदी-नालों, पहाड़ों और घने जंगलों से घिरे हुए हैं. कई क्षेत्रों में आज भी पुल और पक्की सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव है. इसी मुश्किल परिस्थिति के बीच शिक्षक आदिवासी अंचल के बच्चों तक शिक्षा पहुंचाने का जिम्मा निभा रहे हैं.