रायपुर रेलवे स्टेशन पर स्वास्थ्य सेवा वेंटिलेटर, प्लेटफार्म पर चादर के घेरे में प्रसव, नवजात की मौत
प्लेटफार्म पर चादर के घेरे में प्रसव
Raipur: राजधानी रायपुर रेलवे स्टेशन पर एक बार फिर स्वास्थ्य व्यवस्था के बदहाली की तस्वीर सामने आई है. जहां चलती ट्रेन में प्रसव पीड़ा से तड़प रही एक गर्भवती महिला को आपात स्थिति में प्लेटफॉर्म नंबर-5 पर उतारना पड़ा. स्टेशन पर स्थायी डॉक्टर की तैनाती नहीं होने के कारण यात्रियों और सफाईकर्मियों ने साड़ियों और चादरों से घेरा. इसी बीच रेलवे के ऑन-कॉल डॉक्टर ने प्रसव कराया, लेकिन समय से पहले जन्मे नवजात को बचाया नहीं जा सका.
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, बिहार के दरभंगा जा रही लक्ष्मी देवी ट्रेन संख्या 17005 सिकंदराबाद-रक्सौल एक्सप्रेस के जनरल कोच में यात्रा कर रही थीं।.दुर्ग स्टेशन से ट्रेन के रवाना होने के बाद उन्हें तेज प्रसव पीड़ा शुरू हुई. सहयात्रियों की सूचना पर टीटीई ने कमर्शियल कंट्रोल रूम के जरिए रायपुर स्टेशन को मेडिकल अलर्ट भेजा. ट्रेन के प्लेटफॉर्म पर पहुंचते-पहुंचते महिला की हालत गंभीर हो चुकी थी, जिसके बाद तत्काल उन्हें उतारकर प्रसव की व्यवस्था की गई.
डाक्टर की कमी, फिर भी पद खाली
बता दें कि रायपुर रेलवे स्टेशन पर लंबे समय से स्थायी मेडिकल यूनिट की मांग की जा रही है. रेलवे ने पिछले एक वर्ष में डाक्टर की नियुक्ति के लिए तीन बार विज्ञापन जारी किए, लेकिन एमबीबीएस डिग्री की अनिवार्यता और शर्तों के कारण एक भी आवेदन प्राप्त नहीं हुआ. वर्तमान में स्थिति यह है कि किसी भी आपात स्थिति में रेलवे अस्पताल से डाक्टरों की टीम बुलानी पड़ती है, जिससे कीमती समय नष्ट होता है.