जेपी नड्डा ने राहुल गांधी को बताया ‘अबोध बालक’, भड़के खड़गे, राज्यसभा में बीजेपी-कांग्रेस के बीच हुई तीखी बहस

Parliament Session: राज्यसभा में आज विपक्ष के नेता राहुल गांधी का बिना नाम लिए जेपी नड्डा ने मल्लिकार्जुन खड़गे को नसीहत दी कि आप अपनी पार्टी को अबोध बालक का बंधक मत बनाइए. इस दौरान दोनों के बीच काफी देर तक तीखी बहस हुई.
JP Nadda And Mallikarjun Kharge

जेपी नड्डा और मल्लिकार्जुन खड़गे.

Parliament: राज्यसभा में आज गुरुवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और भारतीय जनता पार्टी के पूर्व अध्यक्ष जेपी नड्डा के बीच तीखी बहस हुई. खड़गे ने राज्यसभा में सवाल उठाया कि विपक्ष के नेता राहुल गांधी को लोकसभा में बोलने नहीं दिया गया. यह सुनते ही जेपी नड्डा ने आपत्ति जताते हुए कहा कि आप दूसरे सदन की बात यहां पर नहीं कर सकते. इतना ही नहीं नड्डा ने तो राहुल गांधी की ओर इशारा करते हुए यह तक कह दिया कि आप अपनी पार्टी को अबोध बालक का बंधक मत बनाइए.

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, “संसद का मतलब लोकसभा और राज्यसभा है. लोकसभा में विपक्ष के नेता देश के हितों पर बोलना चाहते थे लेकिन उन्हें बोलने नहीं दिया गया. आप इस तरह से सदन कैसे चला सकते हैं? सरकार अपनी गलतियों को छिपाने के लिए एक सदन को चलने नहीं दे रही है, उसे पैरालाइज कर दिया है.” केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने राज्यसभा में कहा, “विपक्ष के नेता को पता होना चाहिए कि लोकसभा की कार्यवाही पर राज्यसभा में चर्चा नहीं की जा सकती.” इसके बाद दोनों नेताओं के बीच तीखी बहस हुई.

राहुल गांधी को क्या बोले जेपी नड्डा?

मल्लिकार्जुन खड़गे के सवाल पर जेपी नड्डा ने राहुल गांधी का बिना नाम लिए निशाना साधते हुए कहा कि आप अपनी पार्टी को अबोध बालक का बंधक मत बनाइए. स्वतंत्र रूप से पार्टी को चलाइए. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनका जवाब देने के लिए तैयार बैठे हैं. लेकिन आपने सदन ही नहीं चलने दिया. कांग्रेस पार्टी को अहंकार से बचना चाहिए.

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राहुल गांधी नियम नहीं मानते: किरेन रिजिजू

इस दौरान केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी मल्लिकार्जुन खड़के के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि राहुल गांधी को बोलना का कई बार मौका दिया गया. सदन नियमों से चलेगा और वे नियम को मानते ही नहीं. रिजिजू ने कहा, “आज हम सभी उम्मीद करते हैं कि सभी सांसद सदन के नियमों और परंपराओं का पालन करेंगे. सभी सांसद आज प्रधानमंत्री का भाषण सुनने का इंतजार कर रहे हैं.”

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