‘क्या फूलों की बरसात कर दें…’, बागी सांसदों को फिर सुनाई संजय राउत ने गालियां
संजय राउत, प्रवक्ता, ( शिव सेना यूबीटी )
Sanjay Raut Abuses: शिवसेना यूबीटी को लेकर यह तय है कि अब उनके 6 सांसद बागी हो चुके हैं. भले ही उन सभी सांसदों ने पहले कसमें खाई और उद्धव ठाकरे के साथ वादा किया कि आप निश्चिंत रहें हम कहीं भी नहीं जाने वाले हैं. लेकिन, तमाम कसमों और वादों को तोड़ते हुए वह उद्धव की बुलाई बैठक में ही नहीं पहुंचे हैं. इन सब से सबसे ज्यादा परेशान संजय राउत हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि उन्होंने कहा था कि सांसदों से बात हो गई है. कोई कहीं नहीं जा रहा है. इसके बाद भी सब कुछ पलट गया. यही वजह है कि वे लगातार उन सांसदों को गालियां बक रहे हैं.
शिवसेना (यूबीटी) में जारी अंदरूनी खींचतान के बीच सांसद संजय राउत ने एक बार फिर पार्टी के उन सांसदों पर निशाना साधा, जो उद्धव ठाकरे की अहम संसदीय बैठक में शामिल नहीं हुए. पत्रकारों ने सवाल पूछा तो उन्होंने कहा कि वे **** हैं. इसे हटाना नहीं. इसके बाद उन्होंने सांसदों को डरपोक कहा.
आगे संजय राउत ने कहा कि उन्हें अपने लोकसभा क्षेत्र में आना चाहिए और उस तरह स्वछंद घूमना चाहिए, जिस तरह तो तब घूमते थे जब वे हमारे साथ थे.
राउत ने प्रेस से बातचीत के दौरान गैरहाजिर सांसदों को लेकर कड़ी नाराजगी जताई और उनके खिलाफ तीखे शब्दों का इस्तेमाल किया. इस दौरान उन्होंने गाली-गलौच भी की. उन्होंने साफ कहा कि ऐसे लोगों को सबक सिखाना जरूरी है.गालियां इनके लिए काफी कम हैं.
शिवसेना (UBT) के बागी सांसदों को संजय राउत ने फिर गाली दी ! #SanjayRaut | #ShivsenaUBT | #vistaarnews #ViralStatement pic.twitter.com/KFcVZmxEj1
— Vistaar News (@VistaarNews) June 18, 2026
पार्टी ने सांसदों से मांगा जवाब
दिल्ली में हुई बैठक में कई सांसदों के अनुपस्थित रहने के बाद पार्टी में बगावत की अटकलें और तेज हो गई हैं. इस बीच शिवसेना (यूबीटी) नेतृत्व ने गैरहाजिर सांसदों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. पार्टी का कहना है कि बैठक की सूचना पहले ही सभी सांसदों को दे दी गई थी, इसके बावजूद अनुपस्थिति पर स्पष्टीकरण लिया जाएगा.
बागियों को लेकर क्या बोले राउत
राउत ने आरोप लगाया कि कुछ सांसदों को पार्टी छोड़ने के लिए बड़े स्तर पर राजनीतिक और आर्थिक प्रलोभन दिए जा रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि पार्टी तोड़ने की कोशिशें चल रही हैं, लेकिन शिवसैनिक इसका जवाब देंगे. दूसरी ओर, विरोधी दलों और शिंदे गुट के नेताओं ने राउत की भाषा को लेकर उन पर हमला बोला है.
ये भी पढ़ें:टूट नहीं रोक पाए उद्धव? दिल्ली में संसदीय दल की बैठक में पहुंचे सिर्फ 3 सांसद