राष्ट्रपति के स्वागत में सजा ओंकारेश्वर, अभेद्य सुरक्षा कवच में तब्दील हुई तीर्थ नगरी
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू
ओंकारेश्वर: राष्ट्रपति के आगमन से पहले प्रशासन, पुलिस एवं केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप दे दिया है. नगर के प्रमुख मार्गों, मंदिर परिसर, घाटों, कार्यक्रम स्थलों, हेलीपैड और वीआईपी मूवमेंट वाले क्षेत्रों में चौकसी बढ़ा दी गई है. लगातार रिहर्सल और सुरक्षा अभ्यास किए जा रहे हैं, जिससे राष्ट्रपति के कार्यक्रम का सफल एवं सुरक्षित संचालन सुनिश्चित किया जा सके.
नो-ड्रोन जोन घोषित
जिला प्रशासन द्वारा 17 से 19 जून तक ओंकारेश्वर क्षेत्र को नो-ड्रोन जोन घोषित किया गया है. इस दौरान ड्रोन, पैरामोटर, पैराग्लाइडर, रिमोट संचालित उड़ने वाले उपकरण तथा अन्य हवाई गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा. सुरक्षा कारणों से कार्यक्रम स्थल और उसके आसपास कई वस्तुओं के प्रवेश पर भी रोक लगाई गई है.
प्रतिबंधित सामग्री लेकर आने की अनुमति नहीं
नागरिकों को हथियार, आग्नेयास्त्र, विस्फोटक पदार्थ, ज्वलनशील सामग्री, चाकू, कटर, लाठी-डंडे, पटाखे, लेजर लाइट, बड़े बैग, संदिग्ध पैकेट, ड्रोन, कैमरा युक्त उड़ने वाले उपकरण और अन्य प्रतिबंधित सामग्री लेकर आने की अनुमति नहीं होगी.
यातायात व्यवस्था में भी बदलाव
राष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए यातायात व्यवस्था में भी व्यापक बदलाव किए गए हैं. नगर में कई मार्गों पर रूट डायवर्जन लागू किया गया है, जबकि भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा. विभिन्न स्थानों पर अस्थायी पार्किंग बनाई गई हैं तथा श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों को निर्धारित मार्गों और पार्किंग स्थलों का उपयोग करने की सलाह दी गई है. सुरक्षा जांच के बाद ही कार्यक्रम स्थलों पर प्रवेश दिया जाएगा.
राष्ट्रपति के दर्शन कार्यक्रम, ममलेश्वर एवं ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर में पूजा-अर्चना, शयन आरती तथा विभिन्न कार्यक्रमों को लेकर प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं.
मध्यप्रदेश पुलिस, जिला पुलिस, विशेष सुरक्षा समूह (एसपीजी), खुफिया एजेंसियां और दिल्ली से आई सुरक्षा टीमें नगर में तैनात हैं. नगर के प्रमुख चौराहों, घाटों और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है.
लगातार व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर रहे अधिकारी
खंडवा कलेक्टर ऋषव गुप्ता एवं पुलिस अधीक्षक अगम जैन लगातार व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर रहे हैं. प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे सुरक्षा एजेंसियों का सहयोग करें, निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें.
राष्ट्रपति के आगमन को लेकर ओंकारेश्वर में उत्साह और सुरक्षा दोनों अपने चरम पर हैं. पूरी तीर्थ नगरी को अभेद्य सुरक्षा घेरे में तब्दील कर दिया गया है, जहां हर गतिविधि पर सुरक्षा एजेंसियों की पैनी नजर बनी हुई है. यह दौरा न केवल ओंकारेश्वर के लिए गौरव का विषय है, बल्कि प्रशासन की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था की बड़ी परीक्षा भी माना जा रहा है.
इनपुट-घनश्याम माहिल्या
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