धार्मिक आस्था और श्रद्धा के नाम पर ठगी, MP के फेमस हनुमान मंदिर ट्रस्ट का प्रतिनिधि बनकर वसूले रुपये

नागपुर पुलिस ने मंदिर ट्रस्ट का प्रतिनिधि बनकर दान और चंदा वसूलने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आइए जानते है क्या है पूरा मामला
Jam Sawali Temple fake donation

आरोपी हुए गिरफ्तार

राम मंदिर चंदा चोरी का मामला इस समय जमकर चर्चा में है. इस मामले में अब तक 8 नामजद लोगों के खिलाफ मकदमा दर्ज किया गया है. वहीं ट्रस्ट के अध्यक्ष चंपत राय ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया है, लेकिन धर्म और आस्था के नाम पर लोगों से ठगी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. ताजा मामला मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध जामसांवली मंदिर से जुड़ा हुआ है.

तीन आरोपी गिरफ्तार

नागपुर पुलिस ने मंदिर ट्रस्ट का प्रतिनिधि बनकर दान और चंदा वसूलने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. ये आरोपी मंदिर के नाम पर भक्तों से फर्जी वसूली करते थे. आरोपियों की पहचान 35 साल के कृष्णा सेनाजी बालके, 22 साल के राजा गंगाधर काले और 19 साल के विशाल केशव बाल के रूप में हुई है.

चंदा मांगते समय युवक को हुआ शक

पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि तीनों आरोपी बेलतरोड़ी स्थित सफल अपार्टमेंट में रहने वाले सिविल ठेकेदार राजेंद्र किसनराव संगम के घर पहुंचे. आरोपियों ने खुद को जामसांवली मंदिर ट्रस्ट का अधिकृत प्रतिनिधि बताते हुए महाप्रसाद और धार्मिक कार्यों के लिए दान एवं चंदे की मांग की.

बातचीत के दौरान उनकी गतिविधियां संदिग्ध लगने पर संगम ने तुरंत पुलिस को फोन कर दिया. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने जांच के दौरान जामसांवली मंदिर ट्रस्ट के सचिव से संपर्क किया, जिसमें पता चला कि इन आरोपियों को ट्रस्ट की ओर से न तो कोई अधिकृत नियुक्ति दी गई है और न ही चंदा या दान संग्रह करने की अनुमति दी गई है.

सभी के खिलाफ मामला दर्ज

पुलिस ने सभी आरोपियो के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता के धारा 318(4), 319(2) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया है. पुलिस को आशंका है कि आरोपियों ने अब तक लाखों रुपये की चंदा वसूली की होगी. पुलिस जांच कर रही है कि इन्होंने किन लोगों को अपना शिकार बनाया है.

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