MP News: मध्य प्रदेश में पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) की सुविधा लेने वाले लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है. पीएनजी की सुविधा लेने वाले उपभोक्ताओंके अब एलपीजी कनेक्शन नहीं काटे जाएंगे. जबलपुर हाई कोर्ट ने 1 दिसंबर 2026 तक केंद्र सरकार के उस आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी है, जिसके तहत पीएनजी नेटवर्क वाले क्षेत्रों में एलपीजी कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जा रही थी.
हाई कोर्ट में मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश अल्पेश यशवंत कोगजे और न्यायमूर्ति विवेक जैन की युगलपीठ ने की है. मामले में याचिकाकर्ता अखिल भारतीय उपभोक्ता कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव विजय श्रीवास्तव की तरफ से केंद्र सरकार के निर्णय को चुनौती दी गई थी.
एक दिसंबर तक नहीं हाेगी कार्रवाई
जबलपुर हाई कोर्ट में दायर की गई याचिका में उपभोक्ताओं के एलपीजी कनेक्शन बंद करने की कार्रवाई पर सवाल उठाए थे. याचिका पर सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने केंद्र सरकार के उस आदेश पर एक दिसंबर 2026 तक अंतरिम राेक लगा दी है. अब उपभोक्ता पर एलपीजी कनेक्शन बंद करने की कार्रवाई नहीं की जा सकेगी. बात दें कि केंद्र सरकार के इस आदेश में पीएनजी नेटवर्क में आने वाले क्षेत्रों में एलपीजी कनेक्शन बंद करने की कार्रवाई की जा रही थी.
हाई कोर्ट का हस्तक्षेप
हाई कोर्ट के इस फैसले से उन क्षेत्रों को राहत मिली है, जहां पीएनजी नेटवर्क उपलब्ध है, लेकिन इन क्षेत्रों में घराें तक पीएनजी कनेक्शन की पहुंच फिलहाल सुनिश्चित नहीं हो पाई है. ऐसे में केवल नेटवर्क उपलब्ध होने पर एलपीजी कनेक्शन की सुविधा खतम कर देने वाले मामले में हाई कोर्ट ने हस्तक्षेप किया है.
कोर्ट का फैसला महत्वपूर्ण
हाई कोर्ट में दायर की गई याचिका में बताया गया है कि भोपाल में करीब 4 हजार एलपीजी कनेक्शन ब्लाक होने का मुद्दा सामने आया था. मामले में उपभोक्ताओं की परेशानी को देखते हुए हाई कोर्ट का ये अंतरिम आदेश बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
